यूक्रेन के आगे घुटने टेक रहा रूस! पुतिन को खार्किव में मिली भारी शिकस्त, कर दिया शहर में 'ब्लैकआउट'
यूक्रेनी अधिकारियों ने कहा है कि रूसी सेना अब पीछे हट रही है। इसके अलावा अधिकारियों ने कहा कि रूस द्वारा खार्किव में एक थर्मल पावर स्टेशन सहित नागरिक बुनियादी ढांचे पर जवाबी हमले के कारण व्यापक ब्लैकआउट की समस्या हो गई ह
कीव, 12 सितंबर : रूस और यूक्रेन के बीच 24 फरवरी से यु्द्ध जारी है। अब रूस कई जगहों पर हार का सामना कर रहा है। वह इससे काफी बौखलाया हुआ है। खबर के मुताबिक इस दौरान रूसी सेनाओं ने यूक्रेन में खार्किव के दो इलाकों पर कब्जा जमा लिया था। अब खबर है कि, रूसी सेना वहां से पीछे हट रही है। यूक्रेन सेना प्रमुख ने कहा था कि, उनकी सेना खार्किव क्षेत्र से रूसी सैनिकों को भगा रही है। यूक्रेन के अधिकारियों ने बताया कि, रूसी सेना अब पीछे हट रही है। इस दौरान यूक्रेनी अधिकारियों ने आरोप लगाया कि, रूस अपनी हार से तिलमिलाया हुआ है और उसकी सेना ने खार्किव में स्थित एक थर्मल पावर स्टेशल सहित नागरिक बुनियादी ढांचे पर जवाबी हमला किया है। इस वजह से इलाके में बड़े पैमाने पर ब्लैकआउट की समस्या उत्पन्न हो गई है। वहीं, रूस ने यूक्रेन के सभी आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए खारिज कर दिया है। उसका कहना है कि रूस सेना ने यूक्रेन के नागरिकों पर हमला नहीं किया है। (Ukraine accused Russian forces of attacking civilian infrastructure in Kharkiv)

यूक्रेन की हार से बौखलाया रूस
रूसी सैनिकों के नागरिकों पर किए जा रहे हमलों को लेकर यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने ट्विटर पर ट्वीट किया, 'कोई सैन्य सुविधा नहीं, लोग अंधेरे और गर्मी से परेशान हैं।'वहीं, दूसरी तरफ यूक्रेन में अमेरिकी राजदूत ब्रिजेट ब्रिंक ने भी यूक्रेन के खार्किव में हुए हमलों की कड़ी निंदा की है। दूसरी तरफ जेलेंस्की ने छह महीनों से चली आ रही भीषण जंग के बाद मिल रही सफलता का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि, अगर कीव को और भी अधिक शक्तिशाली और घातक हथियार मिलते हैं तो सर्दियों में इससे बड़ी सफलता मिलेगी।

यूक्रेन अपने इलाके को रूस से छीन रहा है
यूक्रेन के मुख्य कमांडर जनरल वेलेरी जालुज्नी ने कहा कि सशस्त्र बलों ने इस महीने की शुरुआत से 1,158 वर्ग मील से अधिक पर फिर से नियंत्रण हासिल कर लिया है। जेलेंस्की ने रविवार देर रात कहा कि रूसी हमलों के कारण खार्किव और डोनेट्स्क क्षेत्रों में पूरी तरह से ब्लैकआउट हो गया, और ज़ापोरिज्जिया, निप्रॉपेट्रोस और सूमी क्षेत्रों में ब्लैकआउट हो गया। बता दें कि उत्तर-पूर्वी खारकीव क्षेत्र में रूस के कब्जे वाले क्षेत्रों को दोबारा अपने नियंत्रण में लेने के लिए यूक्रेन सैनिकों ने जवाबी कार्रवाई करते हुए रूस को अपने सैनिकों को हटाने पर मजबूर कर दिया।

मास्को चुप है
वहीं, अपनी हार पर मास्को पूरी तरह चुप्पी साधे हुए है। उत्तर पूर्वी यूक्रेन में जो कुछ भी हुआ था उसको लेकर रूस को सोशल मीडिया पर काफी मजाक बनाया गया। इससे रूस और भी अधिक आक्रमक हो गया है। वहीं, सोशल मीडिया पर कुछ लोगों ने व्लादिमीर पुतिन को धूल चटाने के लिए तत्काल बदलाव का आह्लवान किया। वहीं, निप्रॉपेट्रोस के गवर्नर वैलेंटाइन रेज्निचेंको ने टेलीग्राम पर लिखा, रूस युद्ध के मैदान में अपनी हार से बुरी तरह से आहत है वह कुछ भी बोलने में असमर्थ है।

कुछ इलाकों में बिजली बहाल
वहीं, खार्किव के नागरिक बुनियादी ढांचे पर रूसी हमलों के बाद राष्ट्रपति कार्यालय के उप प्रमुख Kyrylo Tymoshenko ने बिजली के बुनियादी ढांचे के टेलीग्राम पर एक छवि पोस्ट की। जिसमें उन्होंने कहा कि, कुछ क्षेत्रों में अतिरिक्त बिजली बहाल कर दी गई है। वहीं, खार्किव के मेयर इहोर तेरखोव ने कहा कि, यूक्रेन से हार का बदला लेने के लिए रूस नागरिकों पर हमला कर रहा है।

रूस पीठ दिखाकर भाग रहा है
यूक्रेनी राष्ट्रपति ने शनिवार देर रात जारी एक वीडियो में कहा, ''इन दिनों रूसी सेना अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए पीठ दिखाकर भाग रही है।'' रूसी बलों के पीछे हटने को यूक्रेनी सेना के लिए युद्धक्षेत्र में बड़ी सफलता के तौर पर देखा जा रहा है क्योंकि उन्होंने लगभग सात महीने पहले हुई युद्ध की शुरुआत में राजधानी कीव को नियंत्रण में लेने के रूस के प्रयास को विफल कर दिया था। वहीं, अपने बचाव के पक्ष में तर्क देते हुए रूसी रक्षा मंत्रालय ने कहा कि इजियम और खारकीव क्षेत्र के अन्य इलाकों से सैनिकों की वापसी का उद्देश्य पड़ोसी दोनेत्स्क क्षेत्र में रूसी सेना को मजबूती प्रदान करना है।












Click it and Unblock the Notifications