क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए चीन खतरा, भारत को और राफेल देने को हरदम तैयार, फ्रांसीसी रक्षा मंत्री का बड़ा बयान
भारत और फ्रांस के बीच साल 2016 में 36 राफेल जेट विमानों के लिए 59 हजार करोड़ का सौदा किया गया था। राफेल विमान को लेकर भारत में काफी विवाद हुआ था, जब सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे।
नई दिल्ली, दिसंबर 17: फ्रांस के रक्षा मंत्री फ्लोरेंस पार्ली ने शुक्रवार को कहा कि, फ्रांस भारत को और ज्यादा राफेल लड़ाकू जेट की किसी भी आवश्यकता को पूरा करने के लिए तैयार है। इसके साथ ही फ्रांसीसी रक्षामंत्री ने कहा कि, राफेल विमान भारतीय निर्माताओं को वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने और मेक इन इंडिया पहल को शक्तिशाली बनाने की दिशा में भी काम करता है।

और रफाल देने को तैयार
फ्रांस के रक्षामंत्री फ्लोरेंस पार्ली ने कहा कि, क्षेत्र में चीन का व्यवहार "अधिक से अधिक आक्रामक" होता जा रहा है और फ्रांस इस तरह के व्यवहार को संबोधित करने और जलवायु परिवर्तन और व्यापार जैसे मुद्दों पर चीन के साथ सहयोग करने के बीच एक "नाजुक संतुलन" खोजना चाहता है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि, इंडो पैसिफिक में कानून के मुताबिक काम होने चाहिए और इंडो पैसिफिक में नियमों की रक्षा के लिए फ्रांस भारत का सहयोग करने के लिए तैयार है। फ्रांस के रक्षा मंत्री ने एक कार्यक्रम में बोलते हुए कहा कि, ''मुझे बहुत खुशी है कि भारतीय वायु सेना राफेल जेट विमान से संतुष्ट है और हमें बहुत गर्व है कि कोविड-19 के बावजूद फ्रांस तय शर्तों के मुताबिक भारत को 36 राफेल विमानों की आपूर्ति कर रहा है''। फ्रासीसी रक्षा मंत्री ने ये बातें उस सवाल के जवाब में कही है, जिसमें उनसे पूछा गया था, कि क्या फ्रांस और राफेल विमान भारत को उपलब्ध करवाने के लिए तैयार है?

नये राह पर भारत-फ्रांस संबंध
फ्रांस की रक्षा मंत्री ने भारत और फ्रांस संबंध और दोनों देशों की वायु सेना द्वारा राफेल जेट के उपयोग को द्विपक्षीय सहयोग के लिए "वास्तविक संपत्ति और ताकत" के रूप में वर्णित किया, और कहा कि, "मुझे यकीन है कि नए विकास के लिए जगह है। हम भारत द्वारा किए जा सकने वाले किसी भी अतिरिक्त आवश्यकता या अनुरोध का जवाब देने के लिए तैयार हैं''। भारत के दौरे पर आईं फ्रांस की रक्षा मंत्री ने भारत और फ्रांस के रक्षा संबंध पर कई महत्वपूर्ण बातें कही हैं, जिसमें उन्होंने कहा कि, भारत के नए विमानवाहक पोत के लिए अधिक विमानों की आवश्यकता होगी और अगर भारत की मर्जी होती है, तो हम किसी भी अन्य राफेल को उपलब्ध कराने के लिए तैयार हैं। आपको बता दें कि, भारत के स्वदेश निर्मित विमानवाहक पोत आईएनएस विक्रांत के 2022 में पूरी तरह से शुरू होने की उम्मीद है।

36 राफेल का हुआ था करार
आपको बता दें कि, भारत और फ्रांस के बीच साल 2016 में 36 राफेल जेट विमानों के लिए 59 हजार करोड़ का सौदा किया गया था। सभी विमानों को फ्रांस में बनाया जा रहा है, लेकिन सभी जेट्स का निर्माण भारतीय परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए किया जा रहा है। जुलाई 2020 में इंडियन एयरफोर्स में राफेल के पहले बैच के शामिल होने के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में फ्रांसीसी रक्षा मंत्री ने भाग लिया था और फ्रांस ने अब तक 33 जेट विमानों की डिलीवरी की है।
-
'मेरे साथ गलत किया', Monalisa की शादी मामले में नया मोड़, डायरेक्टर सनोज मिश्रा पर लगा सनसनीखेज आरोप -
Silver Rate Today: चांदी में हाहाकार! 13,606 रुपये की भारी गिरावट, 100 ग्राम से 1 किलो की कीमत जान लीजिए -
Gold Silver Rate Crash: सोना ₹13,000 और चांदी ₹30,000 सस्ती, क्या यही है खरीदारी का समय? आज के ताजा रेट -
ईरान का गायब सुप्रीम लीडर! जिंदा है या सच में मर गया? मोजतबा खामेनेई क्यों नहीं आ रहा सामने, IRGC चला रहे देश? -
Gold Rate Today: ईरान जंग के बीच धराशायी हुआ सोना! 13,000 सस्ता, 18K और 22k गोल्ड की ये है कीमत -
Strait of Hormuz में आधी रात को भारतीय जहाज का किसने दिया साथ? हमले के डर से तैयार थे लाइफ राफ्ट -
Rupali Chakankar कौन हैं? दुष्कर्म के आरोपी ज्योतिषी के कहने पर काट ली थी उंगली! संभाल रहीं थीं महिला आयोग -
Love Story: बंगाल की इस खूबसूरत नेता का 7 साल तक चला चक्कर, पति है फेमस निर्माता, कहां हुई थी पहली मुलाकात? -
Ravindra Kaushik Wife: भारत का वो जासूस, जिसने PAK सेना के अफसर की बेटी से लड़ाया इश्क, Viral फोटो का सच क्या? -
Uttar Pradesh Gold Price: यूपी में आज 22K-18K सोने का भाव क्या? Lucknow समेत 9 शहरों में कितना गिरा रेट? -
Iran Vs America: ईरान की 'सीक्रेट मिसाइल' या सत्ता जाने का डर, अचानक ट्रंप ने क्यों किया सरेंडर -
US Iran War: 5 दिन के सीजफायर की बात, 10 मिनट में Trump का पोस्ट गायब! ईरान ने कहा- 'हमारे डर से लिया फैसला’












Click it and Unblock the Notifications