SCO Summit: पीएम मोदी के तियानजिन दौरे के बीच शहबाज शरीफ भी पहुंचे चीन, क्या है पाकिस्तान का एजेंडा?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बाद पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भी SCO समिट में शामिल होने के लिए तियानजिन पहुंच गए हैं। लेकिन उनके दौरे की रौनक पीएम मोदी की मौजूदगी के बीच फीकी पड़ती नजर आती है। पाकिस्तान की कोशिशें यह दिखाने की हैं कि वह चीन के साथ बराबरी का साझेदार है, लेकिन असल में उसकी स्थिति मोदी-जिनपिंग की रणनीतियों और भारत की सक्रिय भागीदारी के सामने कमजोर दिखाई देती है।
पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ 4 सितंबर तक चीन के दौरे पर रहेंगे। उनका दौरा दोनों देशों के रक्षा, कूटनीति और आर्थिक सहयोग को मजबूत करने की रणनीति का हिस्सा है। शरीफ के दौरे का उद्देश्य SCO समिट में हिस्सा लेना और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और प्रधानमंत्री ली कियांग से मुलाकात करना है, जिसमें व्यापार, निवेश और राजनीतिक साझेदारी मुख्य एजेंडे पर हैं।

हालांकि ये बात भी सच है कि चीन लंबे समय से पाकिस्तान का सबसे बड़ा इन्वेस्टर रहा है, जिसे चीन-पाकिस्तान आर्थिक कॉरिडोर (CPEC) ने और मजबूत किया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक इस दौरे में दोनों देशों ने CPEC 2.0 के तहत औद्योगीकरण, कृषि, ऊर्जा और कनेक्टिविटी पर सहयोग बढ़ाने की योजना बनाई है।
तियानजिन में होने वाले SCO शिखर सम्मेलन में 20 से अधिक विदेशी नेता शामिल होंगे, जिनमें पीएम मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन प्रमुख हैं। चीन इस मंच को पश्चिमी गठबंधनों के खिलाफ बैलेंस बनाए रखने के लिए प्रस्तुत करता है, और पाकिस्तान इस जमीनी हकीकत के बीच केवल एक 'साइडलाइन खिलाड़ी" की तरह दिखाई देता है।
B2B निवेश सम्मेलन को संबोधित करेंगे पाक और चीन
पीएम शरीफ बीजिंग में दूसरा पाकिस्तान-चीन B2B निवेश सम्मेलन भी आयोजित करेंगे, जिसका उद्देश्य व्यापार और निवेश को बढ़ावा देना है। पाकिस्तान की विदेश मंत्रालय की जानकारी के अनुसार, दौरा दोनों देशों के 'ऑल-वेदर स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप' को मजबूत करने, मुख्य हितों पर समर्थन देने और क्षेत्रीय व वैश्विक मुद्दों पर नियमित परामर्श सुनिश्चित करने का है।
पिछला दौरा और निवेश पहल
शहबाज शरीफ जून 2024 में भी चीन गए थे, जहां उन्होंने राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से मुलाकात की थी और 1,000 पाकिस्तानी छात्रों के लिए कृषि प्रशिक्षण की योजना की घोषणा की थी। पिछले दौरे में उन्होंने ऊर्जा और टेक्नोलॉजी सेक्टर में चीनी कंपनियों से निवेश आकर्षित करने की कोशिश की थी।
-
बांग्लादेश के राजदूत रियाज़ हामिदुल्लाह ने भारत के साथ संवेदनशील मुद्दों के सौहार्दपूर्ण समाधान का आह्वान किया। -
Middle East Crisis पर PM मोदी ने CM संग बुलाई इमरजेंसी मीटिंग, क्या है सरकार का 7 एम्पावर्ड ग्रुप्स प्लान? -
PSL 2026 Live Streaming: आज होगा पाकिस्तान सुपर लीग का आगाज, भारत में कब और कहां देखें लाइव मुकाबले -
US-Iran जंग में चौधरी बन रहे थे शहबाज-मुनीर, ईरान ने होर्मुज से लौटाया कराची जा रहा जहाज, धरी रह गई डिप्लोमेसी -
Petrol-Diesel Crisis: पहले App पर बुक करो, फिर मिलेगा पेट्रोल-डीजल, US-Iran जंग से मचा हाहाकार! -
MP News : किसान के निमंत्रण पर ग्राम मोइली पहुंचे सीएम डॉ. मोहन यादव, सादगी के साथ मनाया जन्मदिन -
LPG Crisis India: रसोई गैस की किल्लत होगी खत्म! कई साल बाद भारत ने ईरान से खरीदा एलपीजी, कब पहुंचेगा भारत? -
Trump China Visit: युद्ध के माहौल में चीन दौरे पर जा रहे हैं ट्रंप, 14-15 मई को बीजिंग में 'ग्रैंड डील' -
'पाकिस्तान जैसा दलाल नहीं है भारत', अमेरिका-ईरान मध्यस्थता पर विपक्ष को जयशंकर का करारा जवाब -
Worlds Most Polluted Cities: दुनिया के सबसे प्रदूषित शहरों में भारत अव्वल, दिल्ली को पछाड़ इस शहर ने मारी बाजी -
गाजियाबाद पुलिस ने जासूसी के आरोप में तीन गिरफ्तार -
बिहार में होगी टीवीएफ की फिल्म ‘शिव-शक्ति’ की शूटिंग, युवाओं को मिलेगा प्रशिक्षण और काम का मौका












Click it and Unblock the Notifications