Iran vs US War: 'अमेरिका के हर मिलिट्री बेस को मलबा बना देंगे', ईरान के ऐलान से खाड़ी देशों में हड़कंप!
Iran vs US War 2026: ईरान और अमेरिका-इजराइल के बीच छिड़ी जंग अब एक ऐसे खतरनाक मोड़ पर है जहां से पीछे हटना नामुमकिन लग रहा है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने दो-टूक शब्दों में चेतावनी दी है कि मिडिल ईस्ट में फैले तमाम अमेरिकी सैन्य ठिकाने अब उनके 'वैध लक्ष्य' हैं।
ईरान का कहना है कि वे किसी पड़ोसी देश से नहीं, बल्कि सीधे सुपरपावर अमेरिका और इजराइल से लड़ रहे हैं। राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने भी साफ कर दिया है कि ईरान चुप नहीं बैठेगा और अपने वजूद की रक्षा के लिए किसी भी हद तक जाएगा।

Abbas Araghchi Statement Hindi: अमेरिकी ठिकाने अब ईरान के निशाने पर
ईरान के विदेश मंत्री अराघची ने सीधा संदेश दिया है कि भले ही वे अमेरिका की मुख्य भूमि तक न पहुंच सकें, लेकिन मिडिल ईस्ट में मौजूद हर अमेरिकी बेस उनकी मिसाइलों की जद में है। उन्होंने साफ कहा कि जब अमेरिका अपने फाइटर जेट्स और शिप्स का इस्तेमाल ईरान पर हमला करने के लिए कर रहा है, तो पलटवार होना तय है। ईरान का मानना है कि ये ठिकाने ही उनकी तबाही का जरिया बन रहे हैं, इसलिए इन्हें निशाना बनाना अब उनकी मजबूरी है।
ये भी पढे़ं: 'मैं जिंदा हूं', मरने की अफवाहों के बीच इजरायली PM नेतन्याहू का इंटरव्यू, बताया कैसे करेंगे ईरान को नेस्तनाबूद
Iran Israel Conflict Latest Update: क्षेत्रीय देशों को ईरान की दो-टूक सलाह
ईरान ने खाड़ी देशों को नसीहत दी है कि वे तेहरान पर संयम बरतने का दबाव बनाने के बजाय वॉशिंगटन को समझाएं। अराघची ने सवाल उठाया कि जब क्षेत्रीय देशों ने अपना एयरस्पेस देने से मना किया है, तो अमेरिकी विमान उनके आसमान में कैसे दिख रहे हैं? उन्होंने पड़ोसी मुल्कों से कहा कि वे अमेरिका को यह अवैध और अन्यायपूर्ण युद्ध रोकने के लिए मजबूर करें, क्योंकि इस आग की लपटें पूरे क्षेत्र को अपनी चपेट में ले लेंगी।
ये भी पढे़ं: Qatar Indian Embassy Advisory: 'भूलकर भी न करें ये गलती', कतर में फंसे भारतीयों के लिए गाइडलाइन जारी
राष्ट्रपति पेजेश्कियान: 'ईरान झुकने वाला नहीं'
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने राष्ट्र के नाम संदेश में कहा कि उनका देश किसी भी कीमत पर जुल्म के आगे नहीं घुटने टेकेगा। उन्होंने अस्पतालों और स्कूलों पर हो रहे हमलों को मानवता के खिलाफ अपराध बताया। पेजेश्कियान का कहना है कि मरीजों और बच्चों को निशाना बनाकर दुश्मन किसी राष्ट्र का भविष्य खत्म करना चाहता है। उन्होंने पूरी दुनिया से इन हमलों की निंदा करने और इजराइल के खिलाफ आत्मरक्षा के अधिकार का समर्थन करने की अपील की है।
Iran Warns US: 'होटल' बने अमेरिकी बेस और सुरक्षा का संकट
ईरान ने एक दिलचस्प चेतावनी दी है कि अगर अमेरिकी सैनिक बेस छोड़कर होटलों में शिफ्ट होते हैं, तो यह सुरक्षा का एक नया और गंभीर मुद्दा बन जाएगा। अराघची के मुताबिक, अब जंग का स्वरूप पूरी तरह बदल चुका है और ईरान अपनी जनता की रक्षा के लिए हर मुमकिन रास्ता अपनाएगा। स्थिति यह है कि अब अमेरिकी सेना के लिए खाड़ी देशों की जमीन पर सुरक्षित छिपना भी नामुमकिन होता जा रहा है, और इजराइल के साथ उनका गठबंधन क्षेत्र को अस्थिर कर रहा है।
-
Iran 165 Girls: ईरान में निकला 165 बच्चियों का जनाजा, ताबूत देखकर लोगों ने इजरायल-अमेरिका को दी लानतें- Video -
Iran-US Relation Timeline: इजरायल के जन्म से पहले थी अमेरिका-ईरान की दोस्ती, फिर कैसे बने कट्टर दुश्मन? -
Expert Opinion: IRGC और रेजा के बीच में झूल रहा ईरानियों का भविष्य? एक्सपर्ट से समझें आगे क्या होगा -
Iran-Israel War: भारतीय एयरलाइंस ने लगातार दूसरे दिन 350 से अधिक इंटरनेशनल उड़ानें रद्द की, क्या करें यात्री? -
Iran Israel Conflict: इजरायल के निशाने पर ईरान के ये 6 शहर! तेहरान के बाद इन 3 शहरों पर कहर बरपेगा? -
Middle East War: सऊदी में US एंबेसी पर ईरानी ड्रोन अटैक, अमेरिका ने नागरिकों से कहा- इसी वक्त अरब देश छोड़े -
Iran Controversial Case: जबरन संबंध बनाने पर 16 साल की लड़की को फांसी, खामेनेई का सबसे विवादित केस, खुला राज? -
Ammy Virk:'मैं बेड के नीचे छिप जाऊंगी',कौन हैं सिंगर एमी, जिनकी बीवी-बेटी UAE में फंसीं, रूला देेगा मैसेज -
US Issues Travel Advisory: मिडिल ईस्ट में 'रेड अलर्ट'! अमेरिका ने ईरान-इराक के लिए जारी की 'लेवल 4' की चेतावनी -
Iran vs USA: ईरान पर अटैक कर बुरे फंसे ट्रंप, खतरे में कुर्सी! सड़क पर अमेरिकी जनता, रॉयटर्स के सर्वे में दावा -
अमेरिका-इजरायल हमले के बीच भारत छोड़ ईरान जाना चाहती है ये बॉलीवुड एक्ट्रेस, वहां की हालत पर हैं दुखीं -
PM Modi ने सऊदी अरब के प्रिंस-बेहरीन के King से बात की, Bahrain में भारत ने वीजा-पासपोर्ट सर्विस बंद की












Click it and Unblock the Notifications