Indore News: पर्यावरण बचाने के लिए 'No Car Day',जनता से लेकर महापौर तक ई-व्हीकल से चले
मध्यप्रदेश के इंदौर में महापौर पुष्यमित्र भार्गव के आह्वान पर देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर की सड़कों पर पूरे उत्साह के साथ 22 सितंबर को "नो कार डे" का आयोजन हुआ।
नगर निगम, ट्रैफिक पुलिस के सहयोग से शहर के नागरिकों को वाहनों की भीड़, जानलेवा वायु प्रदूषण और मानसिक तनाव से निजात दिलाने के साथ ही पर्यावरण के लिए अनुकूल क्लीन एनर्जी और पब्लिक ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा दिया गया।

महापौर पुष्यमित्र भार्गव नो कार डे के अवसर पर शिवाजी वाटिका पर आयोजित ओपन एयर कैनवास कार्यक्रम के पश्चात शिवाजी वाटिका गीता भवन चौराहा होते हुए पलासिया चौराहा पर साइकिल से पहुंचे। उनके साथ महापौर परिषद सदस्य राजेंद्र राठौड़, अभिषेक शर्मा बबलू, नंदकिशोर पहाड़िया, निरंजन सिंह चौहान, पार्षद प्रतिनिधि विजय गौहर एवं अन्य द्वारा भी पर्यावरण संरक्षण को दृष्टिगत रखते हुए साइकिल से पलासिया चौराहा पहुंचे।
महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने इंदौर की जनता से अपील की है, "अब हम स्वच्छता के साथ ही ट्रैफिक सुधार में भी इंदौर को देश का नंबर वन शहर बनाएं। पिछले साल नो कार डे के दिन 12 फीसदी कारें कम निकलीं, हमने 80,000 लीटर ईंधन बचाया, 18 फीसदी वायु प्रदूषण कम हुआ और सल्फर मोनोऑक्साइड गैस का उत्सर्जन 5.5 फीसदी कम हुआ।"
महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने शहर के नागरिकों से निवेदन किया है, "पिछले वर्ष की इस सफलता को ध्यान में रखते हुए 'नो कार डे' में जरूर भाग लें और अपनी कार की बजाय सायकल, ई-रिक्शा, आई-बस, माय बाइक या किसी भी सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल करें। इससे हमारे शहर को स्वच्छ और स्वस्थ बनाए रखने में मदद मिलेगी और हम इंदौर को पर्यावरण सुधार और ट्रैफिक मैनेजमेंट के एक सफल मॉडल के रूप में पेश कर सकेंगे।"
कुलमिलाकर, देखा जाए तो महापौर पुष्यमित्र भार्गव के आह्वान पर देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर की सड़कों पर पूरे उत्साह के साथ 22 सितंबर को "नो कार डे" का आयोजन हुआ।
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