YES Bank Crisis: YES Bank के खाता धारकों को राहत, 3 दिन में हट जाएगी निकासी पर लगी रोक
नई दिल्ली। यस बैंक के ग्राहकों को नकदी निकासी पर लगी पाबंदी से जल्दी राहत मिलेगी। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को कहा कि वित्तीय संकट से जूझ रहे यस बैंक से नकद निकासी पर रोक और अन्य पाबंदियों को एसबीआई की राहत पैकेज योजना के अधिसूचित होने के तीन दिन के भीतर हटा लिया जाएगा। योजना जल्द अधिसूचित होगी। इस बीच, निजी क्षेत्र के आईसीआईसीआई बैंक और एचडीएफसी ने 1,000-1,000 करोड़ रुपये निवेश की घोषणा की है।

आपको बता दें कि ग्राहकों के लिए 50,000 रुपये तक निकासी सीमा तय की गई। यह रोक तीन अप्रैल तक के लिए लगाई गई है। भारतीय रिजर्व बैंक ने इस महीने की शुरुआत में यस बैंक के निदेशक मंडल की जगह पर प्रशासक नियुक्ति की थी। साथ ही बैंक खाते से 50,000 रुपये तक की निकासी की सीमा तय करने के साथ अन्य प्रतिबंध लगाए गए थे। आरबीआई के इस फैसले से जमाकर्ताओं को अपनी पूंजी को निकालने में काफी मशक्कत का सामना करना पड़ रहा है।
बता दें कि यस बैंक के ग्राहकों को इंटरनेट बैंकिंग, यूपीआई पेमेंट और एटीएम से नकदी निकालने में भी दिक्कत हो रही है। इसी तरह, चालू खाता धारकों ने भी कई प्रकार की समस्याओं की सूचना दी है। शुक्रवार को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने यस बैंक के लिए केंद्रीय बैंक द्वारा प्रस्तावित पुनर्गठन योजना को मंजूरी दे दी है। मंत्रिमंडल की बैठक के बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, "केंद्रीय मंत्रिमंडल ने भारतीय रिजर्व बैंक की ओर से प्रस्तावित पुनर्गठन योजना को मंजूरी दे दी है।
भारतीय स्टेट बैंक यस बैंक में 49 प्रतिशत इक्विटी हिस्सेदारी खरीदेगा और अन्य निवेशकों को भी आमंत्रित किया जाएगा। इस अधिसूचना के सात दिन के भीतर निदेशक मंडल का गठन कर लिया जाएगा।संकट में फंसे यस बैंक के लिए आरबीआई की ओर से प्रस्तावित योजना के मुताबिक, एसबीआई यस बैंक में 49 प्रतिशत हिस्सेदारी का अधिग्रहण करेगा और कम से कम से तीन तक उसे यस बैंक में अपनी 26 फीसदी हिस्सेदारी बरकरार रखनी होगी।












Click it and Unblock the Notifications