बृजभूषण सिंह पर क्या है BJP का स्टैंड? सुषमा स्वराज की बेटी बांसुरी स्वराज ने पहलवानों के विरोध पर कही ये बात
सुप्रीम कोर्ट की वकील रह चुकीं बांसुरी स्वराज ने कहा कि उनकी पार्टी डब्ल्यूएफआई के अध्यक्ष और भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह को लेकर किसी भी तरह के दोहरे मापदंड का पालन नहीं कर रही है। उस मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई है

Bansuri Swaraj On Brij Bhushan Singh: बीजेपी सांसद और रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (WFI) के प्रमुख बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ देश के शीर्ष पहलवान विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। इस पूरे मामले पर अब भारतीय जनता पार्टी (BJP) की नेता और दिवंगत सुषमा स्वराज की बेटी बांसुरी स्वराज ने अपनी प्रतिक्रिया दी है।
बृजभूषण शरण सिंह मामले में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) द्वारा ''दोहरा मानदंड'' अपनाने के आरोपों को बांसुरी स्वराज ने खारिज कर दिया है। बांसुरी स्वराज ने कहा है कि पार्टी बृजभूषण शरण सिंह को लेकर दोहरा मानदंड नहीं अपना रही है।
बांसुरी स्वराज ने दिल्ली भाजपा की लीगल सेल की सह-संयोजक के रूप में कार्यभार संभालने के बाद शुक्रवार (02 जून) को अपनी पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। इसी दौरान उन्होंने बृजभूषण शरण सिंह के बारे में पूछे गए सवालों पर जवाब दिया। मार्च 2023 में उन्हें पद दिया गया था।
बांसुरी स्वराज ने कहा, ''बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है और जांच के बाद न्यायिक प्रक्रिया अपना स्वाभाविक काम करेगी। अब यह पुलिस के अधिकार क्षेत्र में है। मुझे न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है कि जांच के बाद न्यायिक प्रक्रिया अपना काम करेगी।''
बांसुरी स्वराज ने अरविंद केजरीवाल सरकार पर भी निशाना साधा। बांसुरी स्वराज ने कहा कि अरविंद केजरीवाल तीन हफ्ते से राजनीतिक भारत भ्रमण में लगे हैं। दूसरी तरफ दिल्ली में 20 मामलों में जहां बच्चों के साथ दुष्कर्म हुआ, पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज है। लेकिन केस की फाइल 9 महीने से धूल फांक रही है। इन मामलों में न तो सीनियर प्रोसिक्यूटर नियुक्त हुए और न ही पब्लिक प्रोसिक्यूटर।
वहीं एक दूसरी तरफ भाजपा की महाराष्ट्र की सांसद प्रीतम गोपीनाथ मुंडे ने कहा है कि किसी भी महिला द्वारा की गई शिकायत का संज्ञान लिया जाना चाहिए।
प्रीतम गोपीनाथ मुंडे ने कहा, ''मैं, एक सांसद के तौर पर नहीं, बल्कि एक महिला के रूप में कहती हूं कि अगर ऐसी शिकायत किसी महिला की ओर से आती है, तो इसका संज्ञान लिया जाना चाहिए। इसे सत्यापित किया जाना चाहिए। बाद में, अधिकारी तय कर सकते हैं कि शिकायत उचित है या नहीं।''












Click it and Unblock the Notifications