अखिलेश का पत्र, पीएम नहीं दे रहे हैं फंड
लखनऊ। उत्तर प्रदेश ने भाजपा को केंद्र में सबसे ज्यादा सांसद जिताकर दिये बावजूद इसके यूपी को अपेक्षित प्राथमिकता नहीं मिल रही है। सपा नेता राजेंद्र चौधरी ने पत्र के माध्यम से केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। राजेंद्र चौधरी ने एक पत्र के माध्यम से अखिलेश यादव की उन मांगों का जिक्र किया है जिन्हें केंद्र सरकार अनदेखा कर रही है। समाजवादी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता श्री राजेन्द्र चौधरी ने कहा है कि मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव, उत्तर प्रदेश का तेजी से विकास चाहते हैं।
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समाज के हर वर्ग के लिए उन्होंने तमाम परियोजनाए कार्यान्वित की है। इनमें किसी के प्रति धर्म या जाति के आधार पर भेदभाव नही होता है। वह राजनीति को बीच में लाए बिना केन्द्र सरकार के साथ भी सहयोग का रवैया अपनाए हुए हैं, किन्तु केन्द्र की भाजपा सरकार देश के इस सबसे बड़े प्रदेश के प्रति प्रारम्भ से ही सौतेला व्यवहार अपनाए हुए है।
विडम्बना है कि उत्तर प्रदेश से भाजपा के 73 सांसद निर्वाचित हैं। केन्द्र सरकार में दर्जनभर मंत्री और राज्यमंत्री इसी प्रदेश के हैं। प्रदेश के विकास में इनसे सहयोग और समर्थन की अपेक्षा स्वाभाविक है। लेकिन खेद की बात है कि भाजपा सांसद और मंत्रियों ने प्रदेश के विकास की संसद में कभी चर्चा नही की।
कांग्रेस नेतृत्व की निगाह कभी अमेठीे औरे रायबरेली के बाहर जाती ही नही। उन्हें प्रदेश के समग्र विकास की कभी चिंता नही रही। उत्तर प्रदेश को केन्द्र सरकार से तमाम परियोजनाओं के लिए 43 हजार करोड़ से ज्यादा की रकम मिलनी है परन्तु अभी तक लगभग 16.50 हजार करोड़ की रकम ही मिल सकी है।
यह वह पैसा है जो केन्द्र सरकार को पहले से तय हिस्सेदारी के तहत देना है। समन्वित ग्राम विकास योजना, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजनाओं सहित तमाम योजनाएं इससे प्रभावित हो रही है। उर्जा विभाग ने 192 करोड़ रुपए और सिंचाई विभाग ने 14.51 करोड़ रुपये की मांग की है। सूखा राहत के लिए उत्तर प्रदेश से 2100 करोड़ रुपये की मांग की गई है। वर्षा से बेहाल किसानों के लिए केन्द्र से एक पैसे की राहत नही मिली।
महिला एवं बाल विकास विभाग की दो दर्जन से ज्यादा योजनाओं के मद में केन्द्रीय सहायता में जबर्दस्त कटौती कर दी गई है और केन्द्र की 75 से 100 फीसद मिलने वाली राशि को 60-40 में बदल दिया गया है। आंगनबाड़ी कार्यक्रम इससे बुरी तरह प्रभावित होगा। इसमें पहले केन्द्र का हिस्सा 90 और राज्य का 10 फीसद था।
अब इसमें 50-50 का अनुपात कर दिया गया है। मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव लगातार केन्द्र सरकार से उत्तर प्रदेश के विकास में सहयोग की मांग उठाते रहे हैं। प्रधानमंत्री से लेकर सम्बन्धित विभागों तक को भी इसके लिए अनेक पत्र लिखे हैं। लेकिन केन्द्र सरकार ने उत्तर प्रदेश के प्रति उपेक्षापूर्ण रवैया अपना रखा है। इसके बावजूद अपने राज्य के संसाधनों से समाजवादी सरकार तमाम विकास योजनाओं को पूरा कर रही है। श्री अखिलेश यादव के नेतृत्व में राज्य उत्तम प्रदेश बनने की ओर अग्रसर है।












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