टेलीकॉम कंपनियां 15 दिन में बताएं, कैसे रुकेगा आधार बेस्ड E-KYC: UIDAI
नई

UIDAI ने क्या कहा है अपने सर्कुलर में?
इस सर्कुलर में कहा गया है कि आधार को लेकर सुप्रीम कोर्ट के आए फैसले को तत्काल लागू किया जाए। इसके साथ-साथ सभी कंपनियां UIDAI को 15 अक्टूबर तक अपनी रिपोर्ट सौंपे कि आधार को मोबाइल नंबर से जोड़ने वाली ई-केवाईसी प्रक्रिया से किस तरह बाहर निकला जाएगा, इसकी उपयोगिता को बंद करने के लिए कंपनियों ने क्या प्लान बनाया है। बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने 26 सितंबर को दिए अपने फैसले में सेक्शन 57 को खारिज कर दिया है।

जियो और पेटीएम जैसी कंपनियों के लिए सबसे ज्यादा मुश्किल
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद सबसे ज्यादा परेशानी किसी को हुई है तो वो टेलीकॉम कंपनी जियो और पेटीएम जैसी कंपनियों को। क्योंकि जियो लॉन्चिंग से ही आधार के जरिए लोगों को नंबर दे रहा था। जबकि ई-केवाईसी के लिए पेटीएम ने भी आधार अनिवार्य कर दिया था। लेकिन अब सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद उनकी मुश्किलें बढ़ गई हैं।

क्या है सुप्रीम कोर्ट का फैसला?
सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्सिट दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली पांच सदस्ययी संविधान पीठ ने अपने फैसले में कहा कि आधार को पैन कार्ड से जोड़ना जरूर है लेकिन मोबाइल नंबर या फिर बैंक अकाउंट से जोड़ना जरूरी नहीं है। इसके साथ-साथ प्राइवेट कंपनियां भी आपकी पहचान के लिए आपसे आधार नहीं मांग सकती हैं। स्कूल में बच्चों के एडमिशन के लिए आधार की कार्ड की कोई जरूरत नहीं है। दूसरे डॉक्यूमेंट्स के आधार पर एडमिशन देना होगा। इसके साथ-साथ सीबीएसई, नीट और यूजीसी जैसी परीक्षाओं के लिए भी आधार जरूरी नहीं है। कोर्ट ने कहा कि सरकार को डेटा प्रोटेक्शन के लिए मजबूत कानून बनाना होगा। आधार की संवैधानिकता बरकरार रहेगी।












Click it and Unblock the Notifications