Shashi Tharoor: थरूर ने कांग्रेस छोड़ी तो इस पार्टी में हो सकते हैं शामिल, मिल गया स्वागत का ऑफर!
Shashi Tharoor: कांग्रेस सांसद शशि थरूर के केरल कांग्रेस में नेतृत्व संकट पर दिए गए बयान ने राज्य की राजनीति में हलचल मचा रखी है। उनके इस बयान के बाद सीपीएम (CPM) ने संकेत दिए हैं कि अगर थरूर कांग्रेस छोड़ते हैं तो उनका पार्टी में स्वागत किया जा सकता है।
इंडिया टुडे की एक रिपोर्ट के मुताबिक सीपीएम के वरिष्ठ नेता थॉमस इसाक ने कहा,'अगर थरूर कांग्रेस छोड़ते हैं तो केरल की राजनीति में वह अकेले नहीं पड़ेंगे। उन्हें अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए,लेकिन सीपीएम में उनके शामिल होने में कोई बाधा नहीं है।' इसाक ने यह भी कहा कि यह किसी चमत्कार से कम नहीं है कि थरूर इतने लंबे समय तक कांग्रेस में बने हुए हैं।

Shashi Tharoor: थरूर को लेकर कांग्रेस के रुख में भी दिखने लगी है नरमी
थरूर के बयान के बाद कांग्रेस के भीतर मिश्रित प्रतिक्रियाएं देखने को मिली हैं। वरिष्ठ कांग्रेस नेता रमेश चेन्नीथला ने उनके इंटरव्यू को तवज्जो न देते हुए कहा है कि यह बातचीत संभवतः 18 फरवरी को राहुल गांधी से थरूर की मुलाकात से पहले रिकॉर्ड हुई होगी।
Shashi Tharoor: थरूर ने जो कुछ कहा है, उसे कांग्रेस बताने लगी है आंतरिक मामला
वहीं, केरल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता के मुरलीधरन ने सीपीएम के ऑफर को खारिज करते हुए कहा,'यह हमारा आंतरिक मामला है। 2026 विधानसभा चुनाव में कांग्रेस बिना मुख्यमंत्री पद के चेहरे के चुनाव लड़ेगी और जीत के बाद चुने गए विधायक और हाईकमान मिलकर नेता तय करेंगे।'
Shashi Tharoor: केरल के सीएम पिनराई विजयन सरकार के कार्यों के मुरीद बन चुके हैं थरूर
Shashi Tharoor: कांग्रेस नेता कह चुके हैं विकल्प खुले होने की बात
थरूर ने एक इंटरव्यू में कहा,'अगर पार्टी मुझे चाहती है तो मैं उसके लिए रहूंगा। अगर नहीं,तो मेरे पास करने के लिए बहुत कुछ है। मेरे पास किताबें लिखने,भाषण देने और दुनियाभर से आमंत्रण मिलने के विकल्प हैं।' उन्होंने यह भी जोड़ा कि उनका जनाधार केवल कांग्रेस समर्थकों तक सीमित नहीं है। स्वतंत्र संगठनों की ओर से कराए गए जनमत सर्वेक्षणों में भी वह केरल में नेतृत्व के मामले में अन्य नेताओं से आगे रहे हैं।
थरूर ने हाल ही में कांग्रेस नेता राहुल गांधी से मुलाकात की थी,जिसे उन्होंने 'बहुत अच्छी बातचीत' बताया है। हालांकि,उन्होंने इस बंद कमरे की बैठक के बारे में ज्यादा जानकारी साझा करने से इनकार कर दिया।
सीपीएम की ओर दिए गए इस सांकेतिक ऑफर के बीच राजनीतिक विश्लेषक मानते हैं कि अगर थरूर पार्टी बदलते हैं तो यह केरल की राजनीति में बड़ा बदलाव ला सकता है।












Click it and Unblock the Notifications