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शशि थरूर ने वायनाड पर ऐसा क्या बोला, जिस पर मच गया बवाल

केरल के वायनाड में जिस तरह से भूस्खलन में सैकड़ों लोगों की मौत हुई है, उसके बाद यहां बड़े स्तर पर रेस्क्यू ऑरेशन चल रहा है। इस बीच कांग्रेस नेता शशि थरूर भी वायनाड पहुंचे और उन्होंने यहां पर रिलीफ वर्क का वीडियो शेयर किया है, जिसको लेकर उनकी आलोचना हो रही है।

शशि थरूर ने सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर करते हुए लिखा वायनाड में एक यादगार दिन की कुछ यादें। थरूर के इस पोस्ट को लोग असंवेदनशील बता रहे हैं। हालाकि यादगार शब्द का शशि थरूर ने बचाव किया है और इसका अर्थ समझाया।

shashi tharoor

थरूर ने वायनाड दौरे का वीडियो साझा किया

शशि थरूर ने वायनाड ने में अपने दौरे का वीडियो शेयर करते हुए लिखा था कि वायनाड में यादगार दिन की कुछ यादें। इस पोस्ट पर विवाद होने के बाद थरूर ने सफाई देते हुए कहा कि मैं सभी ट्रोल्स को बताना चाहता हूं कि मेमोरेबल का अर्थ है जिसे याद किया जा सके, जो बेहद खास हो, जिसे भूला नहीं जा सके।

अमित मालवीय ने साधा निशाना

थरूर के पोस्ट पर भाजपा नेता अमित मालवीय ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा "शशि थरूर के लिए मौतें और आपदाएं यादगार हैं।" वीडियो में देखा जा सकता है थरूर ट्रक से राहत सामग्री उतार रहे हैं। वह राहत कैंप में जा रहे हैं और लोगों की मदद कर रहे हैं।

बता दें कि 30 जुलाई को वायनाड के मेप्पाडी, मुंडक्कई टाउन और चूरलमाला में तीन बड़े भूस्खलन हुए, जिससे पूरे गांव तबाह हो गए। शनिवार तक मरने वालों की संख्या 358 तक पहुंच गई थी। इस बीच बचाव दल मलबे से शवों को निकालने में लगे हुए थे।

सोशल मीडिया पर लोगों ने घेरा

शशि थरूर की सोशल मीडिया पोस्ट पर कई लोगों ने सवाल उठाया। लोगों ने कहा कि ऐसी त्रासदी को "यादगार" कैसे माना जा सकता है। राय नाम के एक यूजर ने एक्स पर लिखा, "300 से ज़्यादा लोगों की जान चली गई है और राहुल गांधी के करीबी ये कांग्रेस नेता कह रहे हैं 'यादें और यादगार दिन'।"

एक अन्य यूजर अनुराग ने कहा"मिलिए दिग्गज सांसद शशि थरूर से। वे त्रासदीग्रस्त वायनाड में 'यादगार' दिन मनाने गए थे।" दूसरे यूजर ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा "आपदाग्रस्त क्षेत्र में एक यादगार दिन सोशल मीडिया के प्रति जुनून के कारण खराब हो जाता है। दुख की बात है कि इसके बारे में पोस्ट करना वास्तव में मदद करने से ज़्यादा महत्वपूर्ण हो गया है। निस्वार्थ सेवा की तुलना में सेल्फी को प्राथमिकता दी जाती है।"

तेज हुआ रेस्क्यू ऑपरेशन

केरल सरकार ने शनिवार को उन्नत राडार, ड्रोन और भारी मशीनरी का उपयोग करके जीवित बचे लोगों और मृतकों का पता लगाने के लिए बचाव कार्य तेज कर दिया। विस्थापित पीड़ितों के पुनर्वास के लिए एक नई टाउनशिप स्थापित करने की योजना की भी घोषणा की गई।

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