मां को मारने वाली आयुषी क्या अपने ही भाई के साथ थी लिव-इन रिलेशन में? क्राइम पार्टनर बलराम से क्या था रिश्ता?

Ayushi Sharma Jaipur Case: राजस्थान जयपुर में हुए चर्चित नीरज शर्मा हत्याकांड में हर दिन ऐसे खुलासे हो रहे हैं, जो किसी भी फिल्मी थ्रिलर से कम नहीं हैं। LLB फाइनल ईयर की छात्रा आयुषी शर्मा पर अपनी मां नीरज शर्मा को पैसे और नोकरी के लालच में 7 लाख रुपये की सुपारी देकर हत्या करवाने का आरोप है।

लेकिन अब इस खौफनाक मर्डर प्लान में एक ऐसा ट्विस्ट आया है, जिसने पुलिस को भी हैरान किया है। केस में मुख्य आरोपी आयुषी और उसके फरार क्राइम पार्टनर रवि उर्फ बलराम के बीच 'लिव-इन रिलेशनशिप' का दावा किया जा रहा है।

Ayushi Sharma Jaipur Case

भाई-बहन या लिव-इन रिलेशन? वकील के दावे ने घुमाया पुलिस का सिर

इस पूरे मामले में सबसे सनसनीखेज मोड़ परिवादी पक्ष के वकील चंद्रप्रकाश के एक बयान से आया है। एडवोकेट चंद्रप्रकाश ने आरोप लगाया है कि मुख्य आरोपी आयुषी शर्मा और फरार चल रहे मास्टरमाइंड रवि उर्फ बलराम के बीच सिर्फ चचेरे भाई-बहन का रिश्ता नहीं था, बल्कि दोनों के बीच अवैध संबंध थे।

एडवोकेट चंद्रप्रकाश के दावे के मुताबिक ये दोनों पिछले करीब एक साल से लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे थे। वकील का तो यहां तक कहना है कि बलराम के इशारे पर ही आयुषी ने पहले तंत्र-मंत्र का सहारा लिया और फिर अपनी मां की हत्या का खौफनाक ताना-बाना बुना। हालांकि पुलिस अभी इन दावों की जांच कर रही है।

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14 करोड़ की दौलत और सरकारी नौकरी का लालच

आयुषी शर्मा ने अपनी मां की हत्या लगभग 14 करोड़ रुपये की संपत्ति और अनुकंपा पर मिलने वाली सरकारी नौकरी की वजह से किया। आयुषी के पिता विजय वशिष्ठ राजस्थान हाई कोर्ट में कोर्ट मास्टर थे। उनकी मौत के बाद से ही आयुषी सरकारी नौकरी अपने नाम कराने और पूरी संपत्ति पर कब्जा करने की फिराक में थी।

इसी लालच में उसने बलराम और अन्य पांच साथियों के साथ मिलकर इस पूरी वारदात को अंजाम दिया। पुलिस अब तक आयुषी समेत 7 लोगों को दबोच चुकी है, जबकि बलराम अभी भी गिरफ्त से दूर है।

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'जब पापा को मार दिया तो तुम क्या चीज हो' मामा का रोंगटे खड़े करने वाला दावा

इस कहानी में ट्विस्ट सिर्फ मां की हत्या तक सीमित नहीं है। मृतका नीरज शर्मा के भाई यानी आयुषी के मामा राकेश शर्मा ने पुलिस के सामने एक ऐसा दावा किया है, जिसने मामले को पूरी तरह पलट दिया है। राकेश शर्मा का कहना है कि अप्रैल 2025 में आयुषी के पिता विजय वशिष्ठ की मौत भी सामान्य नहीं थी। उन्होंने बताया कि एक बार घर में झगड़े के दौरान आयुषी ने अपनी मां से चिल्लाकर कहा था- "जब पापा को मार दिया, तो तुम क्या चीज हो।''

मामा का आरोप है कि इस धमकी के बाद नीरज शर्मा इतनी डर गई थीं कि उन्होंने अपने वॉट्सऐप स्टेटस पर लिखा था- "बस दो दिन की जिंदगी बची है।"

परिजनों का कहना है कि विजय वशिष्ठ अस्पताल में ठीक हो रहे थे, लेकिन अचानक उन्हें दूसरे अस्पताल शिफ्ट किया गया और जल्दबाजी में उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। अब परिवार पिता की मौत की भी नए सिरे से जांच की मांग कर रहा है।

मां के साथ भाई को भी खौफनाक मौत देना चाहती थी बेटी आयुषी, साजिश जान सुन्न हो गए लोग, सुपारी किलिंग में खुलासा
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लापरवाही का आरोप: अगर पुलिस सुन लेती तो बच जाती जान

नीरज शर्मा के भाई राकेश शर्मा ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने बताया कि उनकी बहन नीरज शर्मा ने हत्या से पहले 1 मार्च 2026 को ही सांगानेर थाने में एक लिखित शिकायत दी थी। इस शिकायत में आरोप था कि कुछ लोग उनके घर का ताला तोड़कर कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं और घर से सोने-चांदी के गहने व नकदी चोरी हो चुकी है।

राकेश शर्मा का सीधा आरोप है कि अगर पुलिस ने उस वक्त इस शिकायत को गंभीरता से लिया होता और एक्शन लिया होता तो आज उनकी बहन जिंदा होती। उनका दावा है कि चोरी किए गए उसी पैसे का इस्तेमाल बाद में मां की हत्या की सुपारी देने में किया गया।

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आयुषी का खुलेगा राज, साइकोलॉजिस्ट करेंगे पूछताछ

इस पूरे हाई-प्रोफाइल केस को लेकर जयपुर की डीसीपी रंजीता शर्मा ने आधिकारिक बयान जारी किया है। डीसीपी रंजीता शर्मा के मुताबिक, परिजनों ने पिता की मौत और संपत्ति विवाद को लेकर जो भी शिकायतें और आरोप सौंपे हैं, पुलिस उनकी पूरी गंभीरता से जांच करेगी।

जांच अधिकारियों का कहना है कि एलएलबी की छात्रा होने के कारण आयुषी का दिमाग बेहद शातिर है। वह पुलिस के कई तीखे सवालों पर बड़े सामान्य तरीके से जवाब देती है लेकिन जैसे ही उसके बचपन या निजी रिश्तों से जुड़े सवाल आते हैं वह अचानक खामोश हो जाती है।

इसी वजह से अब पुलिस आयुषी का सच उगलवाने के लिए मनोवैज्ञानिकों (Psychologists) की मदद लेने जा रही है, ताकि उसके दिमाग में चल रही परतों और इस हत्या के असली मकसद को पूरी तरह डिकोड किया जा सके। फिलहाल पुलिस की टीमें फरार मास्टरमाइंड बलराम को ढूंढने के लिए हर संभावित ठिकाने पर दबिश दे रही हैं।

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