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खुलासा: PMO को मिले थे जीडी अग्रवाल के तीनों खत, फिर भी नहीं लिया एक्शन

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नई दिल्ली। गंगा के सफाई के लिए अमरण अनशन करने वाले प्रोफेसर जीडी अग्रवाल ने पीएमओ को गंगा के संरक्षण के लिए कई खत लिखे थे, लेकिन पीएमओ की ओर से उनके द्वारा दिए गए सुझावों पर कोई एक्शन नहीं लिया गया। इसका खुलासा हाल ही में एक आरटीआई के तहत हुआ है। आरटीआई के अनुसार, जीडी अग्रवाल ने पीएमओ को पत्र लिखकर पवित्र गंगा नदी के संरक्षण के लिए विशेष कदम उठाने की मांग की थी, लेकिन उनके इस पत्र पर किसी तरह का एक्शन नहीं लिया गया।

RTI query reveals PMO received three letters from Ganga activist GD Agrawal

बता दें 111 दिन से अनशन पर बैठे प्रोफेसर जी.डी अग्रवाल की 11 अक्तूबर, 2018 को मौत हो गई थी। उनकी मौत के बाद सिटिजन फॉर जस्टिस एंड पीस एनजीओ के बिहार के एक्टिविस्ट उज्जवल कृष्णम ने 14 अक्टूबर को एक आरटीआई दाखिल की थी। इस आरटीआई में खुला हुआ है कि, जीडी अग्रवाल द्वारा लिखे गए तीनों खत पीएम के कार्यालय पहुंचे थे। ये खत डा. अग्रवाल ने पीएम कार्यालय को 24 फरवरी और 13 जून और 23 जून को लिखे थे।

डा. अग्रवाल ने इन सभी खतों में पीएम मोदी से स्वच्छ और अविरल गंगा को लेकर कई सुझाव दिए थे। लेकिन इस संबंध में पीएम कार्यालय द्वारा खत रिसीव करने के बावजूद कोई एक्शन नहीं लिया गया। प्रोफेसर अग्रवाल गंगा प्रोटेक्शन एक्ट लागू करने, गंगा के अंदर पनबिजली, गंगा किनारे बालू खनन समेत सभी तरह के प्रोजेक्ट पर रोक लगाने की मांग की थी।

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English summary
RTI query reveals PMO received three letters from Ganga activist GD Agrawal
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