एक साथ मिलकर यूपी की सड़कें सुधारेंगे अखिलेश और नितिन गडकरी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में सड़कों की मौजूदा हालत से चिंतित राज्य एवं केंद्र सरकार ने बुधवार को शीर्ष स्तर पर विचार किया और स्थिति में बदलाव लाने के लिए मिलकर काम करने पर सहमति जताई। इस बैठक में उप्र के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने भाग लिया। मुख्यमंत्री कार्यालय में हुई बैठक के बाद दोनों नेताओं ने एक-दूसरे से सहमति जताई और साथ मिलकर काम करने का वादा किया।

बैठक के बाद अखिलेश और गडकरी ने संयुक्त प्रेस वार्ता को संबोधित किया। इस मौके पर उप्र के लोक निर्माण मंत्री शिवपाल सिंह यादव भी मौजूद थे। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि राजनीति और विकास दो अलग-अलग चीजें हैं। विकास को पूरी तरह से राजनीति से अलग रखा जाएगा। गडकरी ने कहा, "हम उप्र सरकार को विश्वास दिलाना चाहते हैं कि विकास में पैसे की कमी नहीं होगी। जनवरी से लेकर दिसंबर तक उप्र में 50 हजार करोड़ रुपये की परियोजनाओं पर काम होगा।"
उन्होंने कहा कि विकास की इस दौड़ में राज्य सरकार और केंद्र सरकार मिलकर काम करेंगे। इस दौरान गडकरी ने उप्र के लोक निर्माण मंत्री शिवपाल यादव की चिंताओं पर भी सहमति जताई। गडकरी ने कहा कि उप्र में राष्ट्रीय राजमार्गो की लंबाई बढ़ाई जाएगी। गडकरी ने कहा कि राजमार्गो के निर्माण में भूमि अधिग्रहण, वन एवं पर्यावरण मंजूरी तथा पेड़ काटने जैसी विभिन्न समस्याओं को तेजी से निपटाया जा रहा है।
मुख्यमंत्री अखिलेश का आभार जताते हुए उन्होंने कहा कि उन्होंने कई सारे मुद्दों पर सहमति जताई है और उस पर आगे मिलकर काम होगा।
अखिलेश ने गडकरी की और कहा कि उन्हें राजमार्गो के निर्माण का अच्छा खासा अनुभव है और उम्मीद है कि उनके मार्गदर्शन में राजमार्गो व राष्ट्रीय राजमार्गो की हालत सुधरेगी।
अखिलेश ने कहा, "मैंने अपनी ओर से उप्र की परेशानियों से केंद्रीय मंत्री को अवगत करा दिया है। आपस में सहमति भी बनी है। उम्मीद है कि गडकरी जी के कार्यकाल में सड़कों की हालत सुधरेगी। हालत सुधरने के बाद उप्र की आर्थिक तरक्की होगी और उप्र की तरक्की होगी तो जाहिर है कि देश भी प्रगति के रास्ते पर बढ़ेगा।"
सूबे के लोक निर्माण मंत्री शिवपाल यादव ने हालांकि केंद्र सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि केंद्र ने कभी भी उप्र को पर्याप्त धन राशि नहीं दी। उन्होंने कहा कि दो वर्ष पहले केंद्र की ओर से मात्र 24 करोड़ रुपये विभाग को दिए गए थे और बाद में कमी आती गई। शिवपाल ने गडकरी से मांग की कि उप्र की सड़कों की देखभाल के लिए भी केंद्र से धनराशि मिलनी चाहिए ताकि सड़कों की देखभाल हो सके।












Click it and Unblock the Notifications