पीएम नवाज साड़ी तो भेज दी कब भेजेंगे शहीद हेमराज का सिर?

इस बार संबंधों को बेहतर करने के लिए शॉल और साड़ी का सहारा लिया जा रहा हैं। मोदी ने अपने शपथ समारोह मे पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को आमंत्रित कर उनकी मां के लिए शॉल तोहफे के तौर पर भेजा तो नवाज ने भी उनका धन्यवाद करते हुए पीएम नरेन्द्र मोदी की मां हीराबेन के लिए सफेद साड़ी भेजकर अपना आभार जताया।
लेकिन साड़ी और शॉल की इस सियासत ने देश में नई बहस को जन्म दे दिया हैं। भारत-पाकिस्तान के बीच साड़ी और शॉल के आदान-प्रदान को लेकर आम आदमी पार्टी के नेता कुमार विश्वास ने ट्वीट कर नई बहस छेड़ दी हैं। विश्वास ने ट्विटर के जरिए हेमराज के मुद्दे का उठाया हैं। अपने ट्वीट में विश्वास ने लिखा कि 'शॉल और साड़ियों के सरहद पार आने-जाने की खबरों के बीच शहीद हेमराज की पत्नि अपने पति के सरहद पार रह गए सिर कर प्रतीक्षा कर रही है'
गौरतलब है कि पिछले साल पाकिस्तानी सेना ने भारतीय सैनिकों की एक टुकड़ी पर हमला बोल दिया था और दो सैनिकों का सिर काटकर अपने साथ ले गए थे। कुमार विश्वास के इस ट्वीट के बाद से ये बहस शुरु हो गया है कि साड़ी-शॉल की सियासत के बीच मदी हेमराज क मुद्दा क्यों नहीं उठा रहे हैं। आपको याद दिला दें कि शपथ ग्रहण पर नवाज शरीफ जब दिल्ली आए तब हेमराज की विधवा ने नरेंद्र मोदी से अपील की थी कि उनके पति का सिर भारत वापस लाया जाए।
गौरतलब है कि जब नवाज शरीफ मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने दिल्ली आए थे तब मोदी ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री को उनकी मां के लिए शॉल गिफ्ट की थी। शरीफ की बेटी मरियम ने ट्विटर पर मोदी का शुक्रिया अदा किया था। ऐसे में सवाल क्या शॉल और साड़ी की सियासत दोनों देशों के संबंध को सुधारना में सार्थक होगी?












Click it and Unblock the Notifications