नाबालिग कानून पर मोदी सरकार की नज़र, जल्द हो सकता है कानून में संशोधन

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बयान में कहा गया है कि प्रस्तावित जुवेनाइल जस्टिस (केयर एंड प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रेन) बिल 2014 में पूर्व की परामर्श के दौरान मिले सुझावों को मसौदे में शामिल कर लिया गया है और उसे केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की वेबसाइट पर अपलोड कर दिया गया है।
मंत्रालय ने सिविल सोसाइटी संगठनों, गैर सरकारी संगठनों और व्यक्तियों से उनके सुझाव और टिप्पणियां आमंत्रित किए हैं। इसी के सथ अब उन भावनाओं को राहत मिली है, जिसमें नाबालिग को रेप का दोषी पाए जाने पर उसके खिलाफ कार्रवाई को नर्मी से लिया जाता रहा है।












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