Lok Sabha Chunav 2024: दूसरे चरण में वोटिंग बढ़ाने के लिए क्या कर रही है BJP? सभी सीटों पर JDU का उम्मीदवार
Bihar Lok Sabha Election 2024: बिहार में पहले चरण में हुए कम मतदान ने एनडीए और इंडिया ब्लॉक दोनों ही गठबंधनों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। पहले दौर में राज्य की चार लोकसभा सीटों पर 50% से कम वोटिंग हुई। बीजेपी ने इसके लिए तमाम कोशिशें शुरू कर दी हैं कि दूसरे चरण में ऐसी नौबत न आए।
बिहार में दूसरे चरण में 26 अप्रैल को सीमांचल की 5 लोकसभा सीटों पर चुनाव करवाए जाने हैं, इनमें से एनडीए की ओर से बीजेपी एक भी जगह चुनाव नहीं लड़ रही है। किशनगंज, कटिहर, पूर्णिया, भागलपुर और बांका में वोटिंग है और सभी पर जेडीयू के प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं।

2019 में दूसरे चरण की 4 सीटों पर हुआ एनडीए का कब्जा
बीजेपी ने इन सभी सीटों पर ज्यादा से ज्यादा मतदान सुनिश्चित करने के लिए अपने सारे घोड़े छोड़ दिए हैं। 2019 के चुनाव में इनमें से सिर्फ किशनगंज सीट छोड़कर सभी सीटों पर एनडीए का कब्जा हुआ था। सिर्फ किशनगंज में ही महागठबंधन से कांग्रेस की जीत हुई थी।
बीजेपी ने लोगों को प्रेरित करने के लिए कार्यकर्ताओं को लगाया
बीजेपी ने इस बार इन सभी सीटों पर एनडीए के प्रत्याशियों के पक्ष में ज्यादा से ज्यादा वोटिंग के लिए हर 20 घर पर अपने 8 से 10 कार्यकर्ताओं को लगा दिया है। इन्हें जिम्मेदारी दी गई है कि वो इन घरों में रहने वाले लोगों के लगातार संपर्क में रहें और 26 तारीख को मतदान के लिए मतदान केंद्र तक आकर वोट डालने के लिए प्रेरित करते रहें।
स्टार प्रचारकों की फौज उतार रही है बीजेपी
पार्टी अपने स्टार प्रचारकों और वरिष्ठ नेताओं की पूरी फौज भी इस चरण में झोंक रही है। पूर्णिया में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक जनसभा पहले ही हो चुकी है। रविवार को खुद केंद्रीय गृहमंत्री कटिहार में जदयू प्रत्याशी दुलाल चंद गोस्वामी के समर्थन में प्रचार करने आए हैं।
बिहार के सीमांचल में मुसलमानों की अच्छी-खासी आबादी है और बीजेपी ने इस समीकरण को साधने के लिए भी अपनी पूरी रणनीति तैयार की है। इस इलाके में यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और मध्य प्रदेश के सीएम मोहन यादव का भी कार्यक्रम रखा गया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार तो लगातार इस इलाके में प्रचार की तैयारी कर ही चुके हैं।
चिराग का दावा कमजोर पड़ रहा है विपक्ष
वैसे एनडीए का हिस्सा लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के नेता चिराग पासवान का दावा है कि बिहार मतदान कम होने की वजह यहां विपक्ष का कमजोर होना है। उनके मुताबिक बंगाल में थोड़ी-बहुत प्रतियोगिता है, जिसकी वजह से वहां ज्यादा मतदान हुआ है।
बिहार में 19 अप्रैल को जमुई, गया, नवादा और औरंगाबाद में सिर्फ 48.23% वोटिंग हुई थी। जमुई से खुद चिराग मौजूदा सांसद हैं, जो इस बार अपने पिता रामविलास पासवान की हाजीपुर सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। जमुई में उनके बहनोई अरुण भारती मैदान में हैं।












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