कर्नाटक चुनाव से पहले के इस सर्वे ने BJP की बढ़ाई चिंता, कांग्रेस 2013 से भी बड़ी जीत दर्ज करेगी
नई दिल्ली। आगामी कर्नाटक विधानसभा चुनाव में एक तरफ जहां भारतीय जनता पार्टी सत्ता में अपनी वापसी करना चाहती है तो दूसरी तरफ कांग्रेस ने खुद के जनाधार को मजबूत करने के लिए लगातार कमर कस रखी है। इस बीच जो सर्वे सामने आया है वह कांग्रेस के लिए राहत की खबर हो सकती है। सर्वे में कहा गया है कि कांग्रेस 2018 के विधानसभा चुनाव में 2013 की तुलना में कहीं बेहतर प्रदर्शन करेगी और पिछले चुनाव की तुलना में अधिक सीटों पर जीत दर्ज करेगी।
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154 सीटों पर किया गया सर्वे
चुनाव से पहले का यह सर्वे 1 मार्च से 25 मार्च के बीच के आंकड़ों के आधार पर किया गया है। यह सर्वे कुल 154 विधानसभा सीटों पर कराया गया है, जिसमे कहा गया है कि इस बार कांग्रेस कर्नाटक के चुनाव में पिछली बार की तुलना में बेहतर प्रदर्शन करेगी। सर्वे के अनुसार कांग्रेस इस बार 2018 की तुलना में 9 फीसदी अधिक वोट हासिल करेगी और कुल 46 फीसदी वोटों पर अपना कब्जा करेगी।

सी-फोर ने कराया सर्वे
यह सर्वे सी-फोर की ओर से कराया गया है, जिसपर आरोप लग रहा है कि इस सर्वे को खुद कांग्रेस ने कराया है। इसमे कहा गया है कि इस बार के चुनाव में भाजपा को 31 फीसदी वोट मिलेंगे, जबकि जेडी(एस) को 16 फीसदी वोट हासिल होगा। इस सर्वे में कुल 223587 लोगों ने हिस्सा लिया, जोकि कुल 2368 पोलिंग बूथ के अंतर्गत आते हैं। सर्वे कुल 326 अर्बन और 977 ग्रामीण इलाकों में कराया गया है। सी-फोर ने 2013 में कहा था कि कांग्रेस के खाते में 119-120 सीटें आएंगी, जबकि कांग्रेस को राज्य में कुल 122 सीटें हासिल हुई थीं।

126 सीटें मिली
सर्वे में कहा गया है कि कांग्रेस को इस बार 126 सीटों पर जीत हासिल होगी, जबकि भाजपा की सीटों में भी इजाफा होगा और उसे 70 सीटों पर जीत मिलेगी। लेकिन इसके पीछे जेडीएस की भूमिका काफी अहम होगी। माना जा रहा है कि जेडीएस इस बार 27 सीटों पर जीत दर्ज करेगी, जबकि 2013 में उसे 40 सीटों पर जीत मिली थी। सर्वे में 44 फीसदी पुरुषों ने कांग्रेस का समर्थन किया है, जबकि 33 फीसदी लोगों ने कांग्रेस का। जेडीएस को कुल 6 फीसदी लोगों ने अपना समर्थन दिया है। वहीं 48 फीसदी महिलाओं का मानना है कि कांग्रेस को जीत मिलेगी, 29 फीसदी महिलाओं ने भाजपा का समर्थन किया है। वहीं जेडीएस ने चुनाव में 14 फीसदी मत हासिल किया है।

पीने का पानी
प्रदेश में पीने के पानी की सबसे बड़ी समस्या है, जिसे इस सर्वे में सबसे प्रमुखता से लोगों ने सामने रखा है। 32 फीसदी लोगों का कहना है कि उनके लिए पीने का पानी मुख्य समस्या है। 26 फीसदी लोगों इस समस्या को दूसरे स्थान पर रखा है, जबकि 9 फीसदी लोगों ने पीने की पानी की समस्या को तीसरे स्थान पर रखा है। इसके अलावा सड़क, नाली की व्यवस्था लोगों की अन्य समस्या है।

मुख्यमंत्री
45 फीसदी लोगों ने कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया का समर्थन किया है और उन्हें अपनी पहली पसंद बताया है। 26 फीसदी लोगों ने भाजपा के मुख्य्मंत्री पद के उम्मीदवार बीएस येदुरप्पा को अपनी पसंद बताया है, वहीं एचडी कुमारस्वामी के पक्ष में 13 फीसदी लोगों ने अपना वोट दिया है। 16 फीसदी लोगों ने अन्य लोगों को बतौर मुख्यमंत्री अपना वोट दिया है। मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के कार्यकाल पर 21 फीसदी लोगों ने संतुष्टि जताई है, जबकि 54 फीसदी लोगों का कहना है कि कुछ ही हद तक संतुष्ट हैं। 25 फीसदी लोग वह सिद्धरमैया से संतुष्ट नहीं हैं।












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