UAE में टैक्सी चलाने वाले भारतीय शख्स की चमकी किस्मत, लगी 40 करोड़ की लॉटरी

अबू धाबी, 4 जुलाई। केरल के रहने वाले रंजीत सोमराजन काम की तलाश में अबू धाबी गए थे और लेकिन शायद ही उन्होंने कभी सोचा होगा कि उन्हें छप्पर फाड़ रुपये मिल जाएंगे और फिर उन्हें कभी काम करने की जरूरत ही न पड़े। 37 वर्षीय रंजीत सोमराजन ने 9 दूसरे साथियों के साथ मिलकर खरीदी गए ड्रॉ में 2 करोड़ दिरहम का हाथ मारा गया है। भारतीय मुद्रा में ये रकम लगभग 40 करोड़ रुपये होती है।

तीन साल से खरीद रहे थे टिकट

तीन साल से खरीद रहे थे टिकट

अबू धाबी में टैक्सी चलाने वाले सोमराजन पिछले पिछले तीन साल से इस उम्मीद में लॉटरी का टिकट खरीद रहे थे कि कभी उनकी भी किस्मत चमकेगी। सोमराजन की खुशी का ठिकाना नहीं रहा जब उनके नाम से खरीदी गई लॉटरी को पहला नंबर मिल गया।

खलीज टाइम्स की खबर के मुताबिक सोमराजन कहते हैं "मैने कभी सोचा भी नहीं था कि मेरे हाथ जैकपॉट लग जाएगा। मैंने हमेशा उम्मीद जताई थी कि दूसरा या तीसरा नंबर मिलेगा।" इस बार दूसरे नंबर पर आने वाले को 30 लाख दिरहम और तीसरे नंबर पर आने वाले को 10 लाख दिरहम मिलेंगे। वहीं सोमराजन ने साथियों के साथ मिलकर जो रकम जीती है वह 2 करोड़ दिरहम यानि 40 करोड़ रुपये के लगभग है। जब से सोमराजन की लॉटरी लगी है उन्हें लगातार बधाइयां देने के लिए दोस्तों और अपनों के फोन आ रहे हैं।

रोजी रोटी की तलाश में पहुंचे थे यूएई

रोजी रोटी की तलाश में पहुंचे थे यूएई

सोमराजन कहते हैं कि उनकी जिंदगी काफी मुश्किल रही है। पहले वह घर छोड़कर इतनी दूर आए और यहां पहुंचकर बेहतर जिंदगी के लिए नौकरियां बदलते रहे हैं लेकिन अब लगता है कि सब ठीक होगा।

सोमराजन केरल के उन लाखों लोगों में हैं जो बेहतर जिंदगी के लिए रोजी रोटी की तलाश में संयुक्त अरब अमीरात गए हुए हैं। वह 2008 में अबू धाबी पहुंचे थे। उन्होंने दुबई टैक्सी और कई दूसरी कंपनियों के साथ ड्राइवर के रूप में काम किया। पिछली साल उन्होंने ड्राइवर और सेल्समैन के रूप में भी काम किया लेकिन कम वेतन के चलते जिंदगी मुश्किल बनी हुई थी।

सोमराजन को जीती हुई रकम को अपने दूसरे 9 साथियों के साथ बांटना है जिनके साथ मिलकर उन्होंने लॉटरी का टिकट खरीदा था। यानि कि अगर सभी को बराबर रकम मिलती है तो सोमराजन के हिस्से में 4 करोड़ रुपये आएंगे।

अलग-अलग देशों के हैं उनके साथी

अलग-अलग देशों के हैं उनके साथी

सोमराजन का कहना है "हम कुल 10 लोग हैं। दूसरे अलग-अलग देशों जैसे भारत, पाकिस्तान, नेपाल और बांग्लादेश से हैं। वे होटल की पार्किंग में काम करते हैं। हमने 'दो खरीदो एक मुफ्त पाओ' योजना के तहत टिकट खरीदा था। हर आदमी ने 100 दिरहम लगाए थे और टिकट 29 जून को मेरे नाम पर लिया गया था।"

सोमराजन का कहना है कि लोगों को अपने भाग्य का आजमाते रहना चाहिए। मैं हमेशा से आश्वस्त था कि मेरा लकी डे जरूर जाएगा। मुझे हमेशा से भरोसा था कि भगवान एक दिन मेरी जरूर सुनेंगे।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+