'12 बजे निकलूं या 2 बजे, इसका फैसला आप नहीं करेंगे'
भाजपा हरियाणा उपाध्यक्ष के बयान पर वर्णिका कुंडु का करारा जवाब, रात में कितने बजे निकलूं इसका फैसला वो नहीं करेंगे
नई दिल्ली। हरियाणा के सीनियर आइएएस अधिकारी की बेटी वर्णिका कुंदु ने एक बार फिर से अपने कड़े तेवरों की वजह से लोगों का दिल जीत लिया है। वर्णिका का आधी रात को हरियाणा बीजेपी अध्यक्ष सुभाष बराला के बेटे ने पीछा करके किडनैप करने की कोशिश की थी जिसके बाद उनको रंगे हाथों पुलिस ने धर दबोचा था।

भाजपा उपाध्यक्ष ने खड़ा किया था सवाल
दरअसल हरियाणा बीजेपी के उपाध्यक्ष रामवीर भट्टी ने वर्णिका पर ही सवाल उठाते हुए पूछा की उनको क्या ज़रूरत थी की वह आधी रात को चंडीगढ़ की सड़को पर घूमने के लिए निकल पड़ीं। भट्टी ने यह भी कहा कि मां-बाप को अपने बच्चो को रात में घर के बाहर निकलने से रोकना चाहिए।
रात में कब निकलना यह मेरा निजी विषय
भट्टी के इस बयान पर वर्णिका ने जवाब दिया की वह रात को बाहर निकलेंगी या नहीं यह तय करने वाले भट्टी जी कौन होते हैं। यह तय करना उनका और उनके परिवार का निजी मसला है। उन्होंने यह भी कहा कि चाहे रात के 12 बज रहे हों या 2 ही क्यों नहीं बज रहे हों, अगर इस तरह के अराजक तत्व सड़कों पर नहीं घूम रहे होते तो वह कभी असुरक्षित नहीं महसूस करतीं।
सवाल आखिर पीड़िता से क्यों
महज़ 29 साल की वर्णिका ने आगे कहा कि अगर यह रात में हुआ है तो क्या यह उन्हीं की गलती है। क्या रात में मर्द अपनी हरकतों से बाज नहीं आ सकते हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह के सवाल अपराधियों की बजाए पीड़ित से कब तक पूछे जाते रहंगे।
देर रात विकास दौड़ाने लगा
अपनी फेसबुक की पोस्ट पर वर्णिका ने शुक्रवार की आधी रात को चंडीगढ़ की सड़कों पर अपने साथ घटी इस भयावह वारदात के बारे में लोगों को बताया है। यह घटना तब घटी जब 23 वर्ष के विकास बराला अपने एक दोस्त के साथ टाटा सफारी पर सवार होकर वर्णिका की गाड़ी को रोकने की भरपूर कोशिश में लगे हुए थे पर वर्णिका अपने पीछे आती इस गाड़ी को देखकर डर तो गईं लेकिन उन्होंने अपनी गाड़ी नहीं रोकी।
वर्णिका ने दिखाई हिम्मत
इसी बीच वर्णिका ने बहादुरी का परिचय देते हुए पुलिस को फोन कर दिया था। आगे जाकर जब एक ट्रैफिक सिग्नल पर उनको अपनी गाड़ी रोकनी पड़ी तो इनमे से एक आदमी ने मौका पाकर वर्णिका की गाड़ी की खिड़की पर हाथ मारते हुए उसका दरवाजा खोलने की कोशिश की। इसी बीच मौके पर पुलिस पहुंची और बदमाशों को पकड़कर थाने ले गई। हालांकि बदमाशों को कुछ घंटे बाद ही जमानत पर छोड़ दिया गया है।












Click it and Unblock the Notifications