गुजरात बजट 2026-27: 4.08 लाख करोड़ का प्रावधान, विश्वास-आधारित शासन का प्रतिबिंब
गुजरात ने 2026-27 का बजट पेश किया है जो पांच स्तंभों पर केंद्रित है: सामाजिक सुरक्षा, मानव संसाधन विकास, बुनियादी ढांचा, आर्थिक विकास और हरित विकास। योजना में 4,08,000 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जिसमें विकास को प्राथमिकता दी गई है और पर्यटन, आदिवासी विकास, खेल, एआई और क्षेत्रीय संतुलन का समर्थन किया गया है, जिसका उद्देश्य बिना किसी नए कर के समावेशी प्रगति करना है।
गुजरात के मुख्यमंत्री Bhupendra Patel ने वित्त वर्ष 2026-27 के राज्य बजट का स्वागत करते हुए इसे विश्वास-आधारित शासन और मानव-केंद्रित आर्थिक ढांचे के विजन को साकार करने वाला बजट बताया है। यह बजट वित्त मंत्री Kanubhai Desai द्वारा विधानसभा में पेश किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट सामाजिक सुरक्षा, मानव संसाधन विकास, ढांचागत सुविधाएं, आर्थिक विकास और ग्रीन ग्रोथ सहित पांच प्रमुख स्तंभों पर आधारित है।

* वर्ष 2026-27 के बजट का कुल आकार 4 लाख 8 हजार करोड़ रुपये है। * यह पिछले वर्ष की तुलना में 10.2 प्रतिशत अधिक है। * कुल बजट व्यय का 65 प्रतिशत हिस्सा विकासोन्मुखी कार्यों के लिए आवंटित किया गया है। * शिक्षा, खेल, कला एवं संस्कृति के लिए 20 प्रतिशत (64 हजार करोड़ रुपये से अधिक) का प्रावधान। * स्वास्थ्य एवं सामाजिक सेवाओं के लिए 19 प्रतिशत और कृषि, सिंचाई, जल व शहरी विकास के लिए 11 प्रतिशत आवंटन। * पूंजीगत व्यय (कैपिटल एक्सपेंडिचर) के लिए 39 प्रतिशत राशि निर्धारित। * बजट में कोई नया कर नहीं लगाया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट बिना किसी अतिरिक्त कर बोझ के राज्य की विकास यात्रा को आगे बढ़ाने वाला है।
पर्यटन क्षेत्र को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए वर्ष 2026 को ‘गुजरात पर्यटन वर्ष’ घोषित किया गया है। इसके लिए 6,500 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि गुजरात आज वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर अपनी मजबूत पहचान बना रहा है।
आदिवासी विकास पर विशेष फोकस
भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती वर्ष के अवसर पर आदिवासी क्षेत्रों के विकास के लिए 35 हजार करोड़ रुपये से अधिक का प्रावधान किया गया है। * चार आदिवासी जिलों की 18 तहसीलों में 51,480 हेक्टेयर क्षेत्र में लिफ्ट इरिगेशन योजना लागू की जाएगी। * आदिवासी क्षेत्रों में 5 नए औद्योगिक क्षेत्र (GIDC) स्थापित किए जाएंगे, जिससे स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे।
खेल और इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूती
मुख्यमंत्री ने बताया कि अहमदाबाद को कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी का अवसर मिला है। इसके लिए स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर और आधुनिक परिवहन सेवाओं के साथ ‘ओलंपिक रेडी अहमदाबाद’ हेतु 1,200 करोड़ रुपये से अधिक का प्रावधान किया गया है। * गुजरात हाई-स्पीड कॉरिडोर के लिए 800 करोड़ रुपये * क्लाइमेट रेजिलिएंट और न्यू टेक्नोलॉजी मार्गों के लिए 600 करोड़ रुपये
कौशल, टेक्नोलॉजी और डिजिटल गवर्नेंस
* ‘नमो गुजरात कौशल और रोजगार मिशन’ के लिए 226 करोड़ रुपये * एआई और डिजिटल गवर्नेंस पहलों के लिए 850 करोड़ रुपये से अधिक का प्रावधान * डेटा फ्यूजन सेंटर और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की घोषणा मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डीप टेक के क्षेत्र में अग्रणी बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए गए हैं।
संतुलित क्षेत्रीय विकास का लक्ष्य
राज्य सरकार ने 6 रीजनल इकोनॉमिक मास्टर प्लान के माध्यम से संतुलित आर्थिक विकास का लक्ष्य रखा है। इसके लिए लगभग 7 हजार करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है, जिससे ‘विकसित गुजरात 2047’ के विजन को साकार किया जा सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट समाज के सभी वर्गों—गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी शक्ति—के सशक्तिकरण पर केंद्रित है। उन्होंने वित्त मंत्री और उनकी टीम को समावेशी एवं विकासोन्मुखी बजट प्रस्तुत करने के लिए बधाई दी और विश्वास जताया कि यह बजट गुजरात को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा।












Click it and Unblock the Notifications