Cyclone Montha लेगा और विकराल रूप, अगले 72 घंटे में भारी बारिश-ठंड बढ़ने का अलर्ट, PM ने दिया मदद का आश्वासन
Cyclone Montha: बंगाल की खाड़ी में उठे समुद्री तूफान 'मोंथा' ने अब अपना रुख उत्तर दिशा की ओर कर लिया है। इसका असर आने वाले दिनों में बिहार समेत कई राज्यों के मौसम को पूरी तरह बदल देगा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि यह तूफान सोमवार रात तक और ज्यादा ताकतवर रूप ले सकता है, जिसके बाद इसका प्रभाव आंध्र प्रदेश, ओडिशा, झारखंड और बिहार तक फैल जाएगा।
कई जिलों में भारी बारिश, आंधी और वज्रपात की आशंका जताई जा रही है। वहीं, तापमान में गिरावट से ठंड का असर जल्दी शुरू हो सकता है। चक्रवात मोंथा के कारण तटीय इलाकों में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है और कई रेलगाड़ियां भी रद्द कर दी गई हैं। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि यह तूफान अगले कुछ घंटों में और भी प्रचंड रूप ले सकता है। इसके कारण तटीय राज्यों में भारी बारिश और तेज़ हवाएं चलेंगी, जबकि अंदरूनी इलाकों में तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी।

आज विकराल रूप लेगा 'मोंथा'
IMD के अनुसार, चक्रवात 'मोंथा' 28 अक्टूबर की सुबह तक गंभीर चक्रवाती तूफान में बदल गया है। यह बंगाल की खाड़ी के पश्चिम-मध्य हिस्से में सक्रिय है और आज शाम या देर रात तक आंध्र प्रदेश के काकीनाडा और कलिंगपट्टनम के बीच तट से टकराने की संभावना है। इस दौरान हवाओं की रफ्तार 90 से 110 किलोमीटर प्रति घंटा तक जा सकती है, जबकि कुछ झोंकों में यह गति 120 किलोमीटर प्रति घंटा तक भी पहुंच सकती है।
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तूफान के तट से टकराने के बाद इसका असर छत्तीसगढ़, ओडिशा, झारखंड और बिहार तक पहुंचेगा। मौसम विभाग ने बताया कि यह तूफान अगले 24 घंटों में और ज्यादा ताकतवर हो सकता है, जिसके चलते पूर्वी भारत के कई राज्यों में बारिश और आंधी का दौर शुरू हो जाएगा।
आंध्र और ओडिशा में हाई अलर्ट
चक्रवात के खतरे को देखते हुए आंध्र प्रदेश और ओडिशा में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। आंध्र प्रदेश में एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें तैनात की गई हैं। मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का आदेश दिया है। कई जिलों में स्कूल-कॉलेज बंद कर दिए गए हैं।
रेलवे ने सावधानी बरतते हुए विशाखापत्तनम से गुजरने वाली 32 ट्रेनों को रद्द कर दिया है। वहीं, शाम 4 बजे के बाद कई लोकल और मेमो ट्रेनों की सेवाएं भी स्थगित रहेंगी। एयर इंडिया एक्सप्रेस ने भी कुछ उड़ानें रद्द की हैं।
ओडिशा में रेड अलर्ट, हजारों लोग सुरक्षित स्थानों पर
ओडिशा में राज्य सरकार ने तूफान से निपटने की पूरी तैयारी कर ली है। निचले इलाकों में रहने वाले 35,000 से अधिक लोगों को चक्रवात आश्रय केंद्रों में भेजा गया है। मछुआरों को समुद्र में न जाने की सख्त हिदायत दी गई है। राज्य के दक्षिणी जिलों जैसे गंजाम, रायगड़ा, मलकानगिरी और कालाहांडी में रेड अलर्ट जारी किया गया है।
इन इलाकों में पहले से ही लगातार बारिश हो रही है। पूर्वी तट रेलवे ने भी सुरक्षा के मद्देनजर 43 ट्रेनों को रद्द कर दिया है। गंजाम जिले के गोपालपुर बंदरगाह पर आंध्र प्रदेश के करीब 50 मछली पकड़ने वाली नौकाएं लंगर डाले खड़ी हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने ली स्थिति की जानकारी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने Cyclone Montha की स्थिति पर आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू से बात की। उन्होंने केंद्र सरकार की ओर से हरसंभव मदद का आश्वासन दिया और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) को तैयार रहने के निर्देश दिए।
सूत्रों के मुताबिक, बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री नायडू ने बताया कि तटीय इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा जा रहा है। प्रधानमंत्री ने राज्य सरकार की तैयारियों की सराहना की और कहा कि केंद्र की टीमें जरूरत पड़ने पर तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू करेंगी।
तमिलनाडु में भी झमाझम बारिश
मोंथा के असर से तमिलनाडु के कई इलाकों में भी बारिश हो रही है। चेन्नई में 13 सेंटीमीटर तक बारिश दर्ज की गई। वेल्लोर, तिरुवल्लुर और चेंगलपट्टू जिलों में भी तेज बारिश हुई। कई इलाकों में जलजमाव की स्थिति बन गई है।
बिहार में कब और कहां बरसेगा पानी
मौसम विभाग के अनुसार, बिहार में 29 अक्टूबर से बारिश का सिलसिला शुरू होगा और 31 अक्टूबर तक कई जिलों में भारी बारिश होगी।
- 29 अक्टूबर: गया, नवादा, शेखपुरा, भभुआ और रोहतास में भारी बारिश की संभावना।
- 30 अक्टूबर: सुपौल, अररिया, किशनगंज, बांका, जमुई और शेखपुरा में अति भारी वर्षा की चेतावनी।
- 31 अक्टूबर: पश्चिम चंपारण, मधुबनी, दरभंगा, सीतामढ़ी और अररिया में तेज़ बारिश के आसार।
राज्य के कई इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। वज्रपात का खतरा भी बना रहेगा।
तापमान में गिरावट, बढ़ेगी ठंड
IMD के मुताबिक, फिलहाल तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, लेकिन 2 से 4 दिनों के भीतर तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की जा सकती है। इससे ठंड का असर बढ़ जाएगा और नवंबर की शुरुआत में सर्दियों का एहसास होने लगेगा।
मंगलवार की सुबह बिहार के कई जिलों में हल्का कोहरा देखने को मिला। आसमान में बादल छाए रहेंगे, लेकिन आज बारिश की संभावना कम है। दिन का अधिकतम तापमान 29°C से 32°C और न्यूनतम तापमान 20°C से 23°C के बीच रहेगा।
किसानों के लिए चेतावनी
मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे अपनी फसलों को सुरक्षित रखें और मौसम की नई अपडेट पर नजर बनाए रखें। खेतों में कटाई या सिंचाई का काम करने से पहले स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।
प्रशासन की तैयारी
बिहार और झारखंड में जिला प्रशासन ने आपात नियंत्रण कक्ष सक्रिय कर दिए हैं। ग्रामीण इलाकों में राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है। बिजली विभाग को निर्देश दिया गया है कि तूफान के दौरान बिजली आपूर्ति को सुरक्षित ढंग से संभाला जाए।
अगले 72 घंटे बेहद अहम
IMD ने कहा है कि अगले 72 घंटे पूर्वी भारत के लिए बेहद अहम होंगे। 'मोंथा' के असर से मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। भारी बारिश के बाद तापमान में गिरावट से सर्द हवाओं का दौर शुरू हो सकता है।
चक्रवात 'मोंथा' न सिर्फ तटीय राज्यों के लिए बल्कि बिहार जैसे अंदरूनी इलाकों के लिए भी मौसम में बदलाव लेकर आ सकता है। आने वाले दिनों में बिहार में लगातार बारिश, ठंडी हवाएं और तापमान में गिरावट से लोगों को सर्दियों की दस्तक का अहसास होने लगेगा।
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