मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव: बीजेपी के ये सांसद लड़ सकते हैं विधानसभा चुनाव
नई दिल्ली। 15 साल बाद मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव में कांग्रेस इस बार बीजेपी को चुनौती देती दिख रही है। बीजेपी ने एक बार फिर शिवराज सिंह चौहान पर दांव लगाया है लेकिन पार्टी उनके काम और चहरे के अलावा कुछ और बड़े नामों को इन चुनावों में उतारना चाहती है। पार्टी कई लोकसभा सांसदों को मैदान में उतारने पर विचार कर रही है। लेकिन मध्यप्रदेश में पार्टी के लिए दो तरह की स्थिति है जिसमें कुछ लोकसभा सांसद हैं जो पार्टी से विधानसभा टिकट मांग रहे हैं, जबकि पार्टी कुछ को खुद चुनाव मैदान में उतारना चाहती है।

पार्टी के सूत्रों का कहना है कि इस बार राज्य में पार्टी जिस स्थिति का सामना कर रही है उसमें हर नेता अपने भविष्य के बारे में चिंतित है। इसलिए कई ऐसे नेता हैं जो विधानसभा सीट पर दांव लगाना चाहते हैं क्योंकि उन्हें यकीन नहीं है कि वो लोकसभा चुनाव जीत पाएंगे या उन्हें लोकसभा का टिकट मिलेगा। कहा जा रहा है कि पार्टी उन नेताओं को टिकट नहीं देगी जिनकी हारने की थोड़ी भी आशंका है। बीजेपी ने सैद्धांतिक तौर पर ये फैसला लिया है कि वो अपने 30 से 40 फीसदी सांसदों और विधायकों को दोबारा टिकट नहीं देगी। लेकिन पार्टी ये भी देख रही है कि अगर वो किसी सांसद को विधानसभा का चुनाव लड़वाती है तो उसका बड़ा कद न सिर्फ उसकी अपनी जीत को सुनिश्चित करेगा बल्कि इसका असर इलाके की आसपास की सीटों पर भी पड़ेगा।

बड़े नामों पर लगेगा दांव
बीजेपी दमोह के सांसद प्रहलाद सिंह पटेल को विधानसभा चुनाव लड़वाने पर विचार कर रही है। प्रहलाद पटेल की खासी लोकप्रियता है और बड़ा जनाधार है जिसका असर दूसरी सिटों पर भी पड़ेगा। इसी तरह पार्टी रीवा के सांसद जनार्दन मिश्रा को भी विधानसभा उम्मीदवार के रूप में चुनाव में मैदान सकती है। सूत्रों कह रहे हैं की पार्टी जानती है कि उसके लिए दमोह सीट को जीतना आसान नहीं है इसलिए प्रहलाद पटेल को मैदान में उतारने से जीत की संभावना ज्याद बढ़ जाएगी। प्रहलाद पटेल का बड़ा कद है और उन्हें मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री के पद के दावेदार के तौर पर भी देखा जाता रहा है। पटेल केंद्रीय मंत्री उमा भारती के बहुत करीबी रहे हैं।

तो ऐसे कई और सांसद हो सकते हैं जिन्हे पार्टी विधानसभा चुनाव लड़ने के लिए कह सकती है लेकिन दूसरी तरफ कई ऐसे सांसद हैं जो खुद विधानसभा चुनाव के लिए टिकट मांग रहे हैं। इसमें भोपाल से सांसद आलोक संजर का नाम भी सामने आ रहा है। ऐसे कई और सांसद हैं जिन्हें लग रहा है कि लोकसभा चुनाव में उनके लिए हालात ठीक नहीं हो सकते ऐसे में वो विधानसभा चुनाव का टिकट लेकर कम से कम विधायक ही बन जाएं। सूत्रों का ये भी कहना है कि अगर बीजेपी मध्यप्रदेश में चुनाव जीतती है तो ये विधायक एक बार फिर से लोकसभा टिकट मांग सकते हैं।
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