Ram Navami Ayodhya: रामलला के सूर्य तिलक का ऐतिहासिक नजारा, घर बैठे ऐसे देख सकेंगे श्रद्धालु
Ram Navami Ayodhya 2025: अयोध्या में राम नवमी के शुभ अवसर पर विशाल मेले का आयोजन किया जा रहा है। इस बार भी रामलला के दर्शन के लिए लाखों श्रद्धालुओं के उमड़ने की संभावना है। प्रशासन और मंदिर समिति ने सुरक्षा व्यवस्था और दर्शन प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए विशेष इंतजाम किए हैं।
श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए, इस बार घर बैठे रामलला के सूर्य तिलक का लाइव प्रसारण भी किया जाएगा। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के न्यासी डॉ. अनिल मिश्र ने बताया कि राम नवमी के दिन दर्शन की समयावधि परिस्थितियों के अनुसार तय की जाएगी। यदि अधिक भीड़ होती है, तो दर्शन का समय बढ़ाया जा सकता है।

प्रशासन ने संकेत दिया है कि कुंभ मेले की तरह इस बार भी राम नवमी पर श्रद्धालुओं को अधिकतम समय तक दर्शन सुलभ कराने की व्यवस्था की जाएगी। हालांकि, इसका अंतिम निर्णय परिस्थितियों को देखते हुए लिया जाएगा। पुलिस और प्रशासन ने भीड़ नियंत्रण के लिए अपनी रणनीति तैयार कर ली है, जिससे तीर्थयात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
डॉ. अनिल मिश्र ने मीडिया को बताया कि राम नवमी पर विशेष अभिषेक और शृंगार कार्यक्रम होंगे, जिसे देशभर के श्रद्धालु दूरदर्शन के माध्यम से देख सकेंगे। सुबह 9:30 बजे पंचामृत और औषधीय द्रव्यों से भगवान रामलला का अभिषेक होगा, जो 10:30 बजे तक चलेगा। इसके बाद संक्षिप्त विराम के दौरान मंदिर का पर्दा लगा दिया जाएगा।
रामलला के सूर्य तिलक का विशेष लाइव प्रसारण
सुबह 10:40 बजे से भगवान राम का विशेष श्रृंगार प्रारंभ होगा, जिसका सीधा प्रसारण किया जाएगा। फिर दोपहर 11:50 बजे मंदिर का पर्दा लगाया जाएगा और रामलला को छप्पन भोग अर्पित किया जाएगा। मध्याह्न 12:00 बजे भगवान राम के प्राकट्य की महाआरती होगी, जिसके साथ सूर्य तिलक या अभिषेक भी संपन्न किया जाएगा।
मंदिर समिति ने बताया कि सूर्य तिलक के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। यह भव्य आयोजन पूरे देश में लाइव प्रसारित किया जाएगा, ताकि जो श्रद्धालु अयोध्या नहीं पहुंच सकते, वे भी घर बैठे इस पावन क्षण के साक्षी बन सकें।
मंदिर परिसर की भव्य सजावट और दीपमालाओं की रोशनी
राम नवमी के अवसर पर राम मंदिर और उसके आसपास की सजावट भी पूरे भव्य स्तर पर की जा रही है। मंदिर की दीवारों पर विशेष प्रकार की लाइटिंग लगाई गई है, जो मिट्टी के दीयों के आकार में है। बल्ब और होल्डर को इस तरह से फिट किया गया है कि मंदिर परिसर अद्भुत रोशनी से जगमगाता दिखे।
श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए, इस बार फूलों की सजावट के बजाय दीपमालाओं पर अधिक जोर दिया गया है, क्योंकि तेज गर्मी में ताजे फूल जल्दी मुरझा सकते हैं। मंदिर मार्ग और आसपास के क्षेत्र में रंग-बिरंगी लाइटों और दीयों की सजावट श्रद्धालुओं के लिए एक अलौकिक अनुभव प्रदान करेगी।
नव दिन तक चलेगा विशेष धार्मिक अनुष्ठान
राम नवमी के अवसर पर विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों का भी आयोजन किया जाएगा। चैत्र शुक्ल प्रतिपदा से लेकर राम नवमी तक मंदिर परिसर में श्रीरामचरितमानस और वाल्मीकि रामायण का नवाह्न पारायण होगा। साथ ही दुर्गा सप्तशती का पाठ भी किया जाएगा।
मंदिर यज्ञशाला में प्रतिदिन विशेष हवन किया जाएगा, जिसमें श्रीराम नाम के मंत्रों के साथ आहुति डाली जाएगी। इसके अलावा, 29 मार्च से अंगद टीला प्रांगण में वृंदावन के प्रसिद्ध कथावाचक आचार्य अतुल कृष्ण भारद्वाज श्रीराम कथा का वाचन करेंगे। इस दौरान श्रद्धालुओं के लिए भोग प्रसाद वितरण की भी व्यवस्था होगी।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा कर दिया है। पूरे अयोध्या में सीसीटीवी कैमरों की निगरानी बढ़ा दी गई है, और राम जन्मभूमि परिसर के आसपास विशेष पुलिस बल तैनात किया गया है।












Click it and Unblock the Notifications