OI Exclusive: 'राजा दयावान नहीं, नरेंद्र मोदी PM पद छोड़ेंगे, राष्ट्रपति बनेंगे', CJP Protest में राकेश टिकैत
CJP Protest Rakesh Tikait OI Exclusive: NEET परीक्षा 2026 में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक के आरोपों को लेकर दिल्ली स्थित जंतर-मंतर पर 'कॉकरोच जनता पार्टी'(CJP) 25 दिनों से ज्यादा समय से विरोध प्रदर्शन कर रही है। वे केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। 28 जून से इस आंदोलन में शामिल हुए एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk) करीब 20 दिनों से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं। लगातार, राजनीति से जुड़े चेहरे वांगचुक का हाल जानने व समर्थन को पहुंच रहे है।
इसी कड़ी में, गुरुवार (16 जुलाई) को समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की पत्नी डिंपल यादव (Dimple Yadav), आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल व भारतीय किसान यूनियन (BKU) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत जंतर-मंतर पहुंचे। Oneindia Hindi से Exclusive बातचीत में टिकैत ने कई बड़े खुलासे किए। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी घेरा। आइए विस्तार से जानते हैं कि क्या कुछ कहा?

Rakesh Tikait का तीखा हमला: सरकार के इशारे पर होगी हिंसा, आंदोलन हो जाएगा खत्म
राकेश टिकैत ने सरकार पर असंवेदनशीलता के आरोप लगाए। कहा कि सरकार संवेदनशील है ही नहीं। यह तानाशाहों की सरकार है। राजा तानाशाह है, राजा दयावान नहीं है। आगे टिकैत ने आंदोलन की दीर्घकालीन संभावना पर जोर देते हुए कहा कि यह आंदोलन लंबा चलेगा। जब तक हम शांतिपूर्ण तरीके से चलाते रहेंगे, तब तक यह जारी रहेगा। लेकिन सरकार के इशारे पर कुछ बाहरी तत्व इसमें घुसाकर हिंसा कर सकते हैं। जिस दिन हिंसा हुई, उसी दिन आंदोलन खत्म हो जाएगा।

20 जुलाई का मार्च: टिकैत का ऐलान और चेतावनी
CJP ने 20 जुलाई को संसद भवन की ओर मार्च निकालने का ऐलान किया है। इस पर टिकैत ने साफ कहा कि अगर बैरिकेडिंग तोड़ने की कोशिश हुई, तो प्रदर्शनकारियों को हटा दिया जाएगा।
Oneindia Hindi ने पूछा कि क्या आप 20 जुलाई के मार्च में शामिल होंगे?
टिकैत ने जवाब दिया, 'नहीं, मैं उत्तराखंड में एक कार्यक्रम में रहूंगा। लेकिन हमारे लोग जरूर रहेंगे।' उन्होंने प्रदर्शनकारियों से अपील की, 'संसद तक मार्च का मतलब बैरिकेडिंग तक पहुंचना। आगे बढ़ने की कोशिश की तो दिक्कत होगी। मेरी अपील है कि बच्चे हिंसा की तरफ न जाएं। शांतिपूर्ण रहें।
E20 एथनॉल पर नितिन गडकरी को लेकर सनसनीखेज आरोप
जब टिकैत से E20 एथनॉल ब्लेंडिंग नीति और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (Nitin Gadkari) पर लग रहे आरोपों के बारे में पूछा गया तो उन्होंने चौंकाने वाला बयान दिया। टिकैत ने कहा कि नितिन गडकरी को बदनाम किया जा रहा है। यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की साजिश है। उन्होंने आगे दावा किया कि नरेंद्र मोदी अब प्रधानमंत्री पद पर नहीं रहेंगे। उन्हें राष्ट्रपति बना दिया जाएगा।
Delhi High Court का बड़ा आदेश: जिंदगी कीमती है, वांगचुक की सेहत पर नजर रखें
वहीं, गुरुवार को ही दिल्ली हाई कोर्ट ने एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk) की अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर गौर किया। कोर्ट ने कहा कि जिंदगी कीमती है। साथ ही दिल्ली सरकार के अधिकारियों को निर्देश दिया कि सोनम वांगचुक की सेहत पर रोजाना नजर रखी जाए। अगर उनकी हालत बिगड़ती है तो तुरंत मेडिकल मदद दी जाए। चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय और जस्टिस तेजस करिया की बेंच ने यह आदेश एक PIL पर सुनवाई करते हुए दिया।
Who Is Sonam Wangchuk: कौन हैं सोनम वांगचुक ?
आपको बता दें कि, लद्दाख के प्रमुख सामाजिक कार्यकर्ता और शिक्षाविद् हैं सोनम वांगचुक। वे पर्यावरण संरक्षण, शिक्षा सुधार और क्षेत्रीय मुद्दों पर सक्रिय रहे हैं। क्लाइमेट चेंज और हिमालयी इलाकों की सुरक्षा पर उनकी आवाज राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चित रही है। NEET मामले में उनका भूख हड़ताल पर जाना बड़े आंदोलन का हिस्सा है।
Sonam Wangchuk Hunger Strike Timeline: सोनम वांगचुक के सपोर्ट में अब तक कौन-कौन पहुंचा?
- 29 जून 2026: एमए बेबी (CPI(M) के महासचिव) जंतर-मंतर पर पहुंचे। उन्होंने अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक से मुलाकात कर समर्थन जताया।
- 4 जुलाई: महुआ मोइत्रा (टीएमसी सांसद) जंतर-मंतर पहुंचीं। उन्होंने Cockroach Janta Party (CJP) के आंदोलन और सोनम वांगचुक के समर्थन में भाग लिया।
- 11 जुलाई : प्रकाश राज (अभिनेता) जंतर-मंतर पहुंचे। उन्होंने सोनम वांगचुक से मुलाकात की और CJP आंदोलन का समर्थन करते हुए कार्यकर्ताओं का हौसला बढ़ाया।
- 13 जुलाई: आतिशी (AAP नेता), कुलदीप कुमार (AAP विधायक), शैली ओबेरॉय (दिल्ली की पूर्व मेयर) पहुंचे। तीनों नेता जंतर-मंतर पहुंचे और सोनम वांगचुक से मुलाकात कर आंदोलन को समर्थन दिया।
- 14 जुलाई: प्रिया सरोज (समाजवादी पार्टी सांसद) जंतर-मंतर पहुंचीं और सभा को संबोधित किया। स्वरा भास्कर (अभिनेत्री) भी पहुंची। उन्होंने सोनम वांगचुक से मुलाकात की और भूख हड़ताल का समर्थन किया।
- 15 जुलाई: कुणाल कामरा (स्टैंड-अप कॉमेडियन) जंतर-मंतर पहुंचे और सोनम वांगचुक के समर्थन में CJP के प्रदर्शन में शामिल हुए। चंद्रशेखर आजाद 'रावण' (आजाद समाज पार्टी प्रमुख एवं सांसद) भी सोनम वांगचुक से मुलाकात की और आंदोलन को समर्थन दिया।
- 16 जुलाई को अरविंद केजरीवाल (AAP के राष्ट्रीय संयोजक), डिंपल यादव (सपा सांसद), धर्मेंद्र यादव (सपा सांसद), रागिनी सोनकर (सपा विधायक), राकेश टिकैत (भारतीय किसान यूनियन के नेता) पहुंचे।













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