थम नहीं रहा OLA EV के खिलाफ लोगों का गुस्सा, 10,0000 शिकायतें दर्ज, कंपनी को मिला नोटिस
दो पहिया इलेक्ट्रिक गाड़ी बनाने वाली कंपनी ओला (OLA Electric) की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं। एक के बाद एक कंपनी की स्कूटर्स के खिलाफ लोग शिकायतें कर रहे हैं। ओला स्कूटर को लेकर देशभर में अलग-अलग जगहों से ग्राहक शिकायत कर रहे हैं। कई जगह पर लोग ओला शोरूम के बाहर प्रदर्शन करते नजर आते हैं तो कहीं लोग ओला स्कूटर को आग लगाते नजर आते हैं।
हाल ही में ओला का आईपीओ बाजार में आया, जो जबरदस्त प्रीमियम पर लिस्ट हुआ। ओला इलेक्ट्रिक का शेयर 146 रुपए तक पहुंचा लेकिन दो महीनों के भीतर कंपनी का शेयर ढेर हो गया और अब 90 रुपए पर ट्रेड कर रहा है।

10 हजार शिकायतें
ओला ईवी की गुणवत्ता का असर सीधे तौर पर कंपनी के शेयर पर देखने को मिल रहा है। ओला ईवी की गुणवत्ता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि एक साल के भीतर 10 हजार से अधिक लोगों ने इसके खिलाफ शिकायत की है।
ईवी खरीदने के बाद लोगों ने इसकी गुणवत्ता और बिक्री के बाद सेवा को लेकर शिकायत की है। तकरीबन 10 हजार से अधिक उपभोक्ताओं ने शिकायतों का निपटारा नहीं होने की वजह से उपभोक्ता अधिकार नियामक सीसीपीए से इसकी शिकायत की है।
सीसीपीए ने शुरू की जांच
जिसके बाद सीसीपीए ने मामले की जांच शुरू कर दी है और ओला को नोटिस भी भेजा है। ओला ईवी के उपभोक्ता सोशल मीडिया पर ओला कंपनी के मालिक भाविश अग्रवाल के खिलाफ जमकर भड़ास निकाल रहे हैं।
राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन को पिछले एक साल से ओला इलेक्ट्रिक के खिलाफ लगातार शिकायतें मिल रही हैं। इन शिकायतों का निपटारा करने के लिए कंपनी को भेजा गया है। हालांकि कंपनी की ओर से इन शिकायतों का निपटारा करने के लिए गंभीरता नहीं दिखाई गई है।
जिसकी वजह से कंपनी के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी गई है। कंपनी के खिलाफ 10 हजार से अधिक शिकायतें मिलने के बाद नोटिस भेजा गया है और कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
ईवी को लेकर कई तरह की शिकायतें
ओला ईवी के उपभोक्ता फ्री सर्विस, वारंटी के दौरान पैसे मांगने की शिकायत कर रहे हैं। इन शिकायतों का कंपनी की ओर से कोई संतोषजनक निपटारा नहीं किया गया, जिसकी वजह से लोग कंपनी के खिलाफ अपनी भड़ास निकाल रहे हैं।
गाड़ी में बार-बार खराबी आना, गाड़ी को लेकर कंपनी की ओर से जो दावे किए जा रहे हैं वो असल में सच नहीं है, जिसकी वजह से लोग शिकायत कर रहे हैं।
ग्राहकों से गलत बर्ताव
साथ ही कंपनी गाड़ी के पार्ट्स, रिफंड, दस्तावेज आदि उपलब्ध कराने में विफल रही है। कंपनी जिस तरह से उपभोक्ताओं के साथ बर्ताव कर रही है, उससे भी लोग संतुष्ट नहीं है। लोगों की शिकायतों का निपटारा किए बगैर उसे बंद कर दिया जा रहा है। यही वजह है कि कंपनी के खिलाफ सीसीपीए ने कार्रवाई शुरू कर दी है।
सीसीपीए की ओर से ओला इलेक्ट्रिक को 7 अक्तूबर को नोटिस जारी किया गया है। कंपनी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। कंपनी को 15 दिन के भीतर जवाब देने को कहा गया है।
नोटिस जारी करने से पहले सीसीपीए की मुख्य आयुक्त निधि खरे, आयुक्त अनुपम मिश्रा ने शिकायतों की जांच की। जिसके बाद कंपनी को नोटिस जारी कर दी गई।












Click it and Unblock the Notifications