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भ्रष्टाचार को खत्म करने के लिए इस युवक ने चलाई अनोखी मुहिम

By Rajeevkumar Singh
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पटना। हम आपको बताने जा रहे हैं एक ऐसे शख्स के बारे में जिसने भ्रष्टाचार को जड़ से खत्म करने के लिए एक अनोखी मुहिम की शुरुआत की और इसके लिए वह दिन-रात निस्वार्थ रूप से मेहनत कर रहे हैं, जिसे लोग सुदर्शन के नाम से जानते हैं। उत्तर प्रदेश के संत कबीर नगर जिले के रहने वाले सुदर्शन प्रसाद विश्वकर्मा ने देश से भ्रष्टाचार को खत्म करने के लिए साइकिल यात्रा की शुरुआत की। यह यात्रा 18 मई 2005 से लेकर आज तक चल रही है।

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71500 किलोमीटर की दूरी तय कर चुके हैं सुदर्शन

71500 किलोमीटर की दूरी तय कर चुके हैं सुदर्शन

इस दौरान उन्होंने साइकिल से 33 राज्यों के लगभग 507 जिलों की यात्रा कर चुके हैं और हर जगह भ्रष्टाचार को खत्म करने के लिए लोगों को जागरूक कर रहे है। उत्तर प्रदेश से उनकी यह मुहिम की शुरुआत हुई जो पंजाब से होते हुऐ उत्तराखंड, हरियाणा, राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश, दमन, महाराष्ट्रा, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, गोआ, नागालैंड, मिज़ोरम, अरुणाचल, ओडिसा, बंगाल, असम, छत्तीसगढ़, झारखंड के रास्ते अब बिहार पहुंच चुका है। वह बिहार के 12 जिलों का दौरा कर नवादा पहुचे। वो इस यात्रा में अब तक कुल 71500 किलोमीटर की दूरी साइकिल से तय कर चुके हैं।

भ्रष्टाचार के खिलाफ साइकिल को बनाया हथियार

भ्रष्टाचार के खिलाफ साइकिल को बनाया हथियार

आपको बताते चलें कि भ्रष्टाचार के खिलाफ सुदर्शन के इस दौरे में सबसे खास बात यह है कि वह जहां भी जाते हैं लोगों को यह संदेश देते है कि समाज के जो जागरूक लोग हैं वह समाज में चल रहे किसी भी तरह के भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाएं और उसे खत्म करायें। इसके लिए वह जिस गांव में पहुंचते हैं वहां के बुद्धिजीवी लोगों के साथ-साथ गांव के रहने वाले लोगों के साथ एक जनसभा करते हैं और उसमें भ्रष्टाचार को खत्म करने की लोगो से अपील करते हैं।

अन्ना हजारे को मानते हैं प्रेरणास्रोत

अन्ना हजारे को मानते हैं प्रेरणास्रोत

बिहार के नवादा पहुंचे उत्तर प्रदेश के सुदर्शन से जब बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि इस भ्रष्टाचार के खिलाफ मुहिम की शुरुआत करने तथा यात्रा करने में उन्हें काफी परेशानियों का भी सामना करना पड़ा पर समाज सेवा करने के साथ-साथ भ्रष्टाचार को खत्म करने के बुलंद हौसले ने उन्हें कभी हारने नहीं दिया। इसी का नतीजा है कि कई राज्यों में अपना संदेश देने के बाद वह बिहार पहुंचे और वहां कि भ्रष्टाचार के खिलाफ लोगों को जागरुक कर रहे। इस दौरान आम जनता का उन्हें भरपूर सहयोग मिला। जब वह भ्रष्टाचार के खिलाफ साइकिल से यात्रा करते हुए नवादा के कलक्टर ऑफिस पहुंचे तो वहां के ओएसडी मुकेश रंजन से मिले और उन्हें इस बात की जानकारी दी। फिर उन लोगों से विदा लेते हुए अपनी अगले मंजिल की तरफ बढ़ते चले गए। भ्रष्टाचार के खिलाफ लडाई को लेकर उन्होंने कहा कि उन्हें इस बात के खिलाफ हिम्मत अन्ना हजारे से मिली और कई बार उन्होंने अन्ना हजारे से मुलाकात भी की। साथ ही अभी केंद्र में चल रही मोदी की सरकार की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि मोदी सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ रही है और बेहतर काम भी कर रही है।

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English summary
A youth campaign against corruption.
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