डेबिट-क्रेडिट कार्डों की क्लोनिंग कर लाखों का चूना लगाने वाला मास्टमाइंड गिरफ्तार

पुलिस ने रैकेट के सरगना आरोपी अरुण कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। अरुण के अलावा रैकेट के चार और लोगों की भी पुलिस ने अरेस्ट कर पूछताछ शुरु कर दी है। डीसीपी पी करुणाकरण के मुताबिक नेहरू प्लेस स्थित फेडरल बैंक के चीफ मैनेजर ने पुलिस से इस बारे में शिकायत की थी। बैंक के मैनेजर ने उन्हें उस अकाउंट का नाम पता भी बताया जिसमें क्लोनिंग के बाद पैसे ट्रांसफर किए जाते थे। मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने तफ्तीश शुरु की।
पुलिस ने टीम बनाकर इस गिरोह का पता लगाने के लिए छापेमारी अबियान शुरु की। बाद में एक मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने गैंग के सरगना अरुण को नेहरु प्लेस से गिरफ्तार किया। पुलिस को उसके पास से 7 स्वीपिंग मशीन, अलग-अलग बैंकों की 26 पासबुक, 10 पेन कॉर्ड और 4 डेबिट कार्ड बरामद किए। पूछताछ के बाद उसने बताया कि किस तरह से वो अपने साथियों के साथ मिलकर विदेशी बैंकों के क्रिडिट और डेबिट कार्डों की क्लोनिंग और डाटा चुरा कर उन्हें लाखों का चूना लगाया करता था।
उसने पुलिस को बताया कि इस काम के लिए सबसे पहले उन्होंने एक कंपनी बनाकर उसका बैंक अकाउंट खोला। जैसे ही क्लोनिंग किए हुए कार्ड से रकम उनके अकाउंट में ट्रांसफर होती थी, वे एटीएम कॉर्ड के माध्यम से उसे तुरंत निकालकर आपस में बांट लेते थे। फिलहाल अरुण समेत उसके चार साथी अभी पुलिस की गिऱफ्त में है। पुलिस उनसे जानकारी हासिल कर रही है।












Click it and Unblock the Notifications