विधायकों की खरीद-फरोख्‍त: सीबीआई ने की छापेमारी

CBI
रांची। केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने आज तड़के राज्यसभा चुनावों में विधायकों की खरीद फरोख्त के मामले में राजधानी रांची में एक मंत्री और डेढ दर्जन विधायकों समेत 34 लोगों के परिसरों पर छापेमारी प्रारंभ की। केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि तड़के झारखंड में राज्यसभा चुनावों में विधायकों की हुई खरीद फरोख्त मामले मैं एक मंत्री एवं डेढ दर्जन विधायकों समेत कुल 34 लोगों के खिलाफ एक साथ छापेमारी प्रारंभ की गयी।

अधिकारी ने बताया कि झारखंड के एक मंत्री चंद्र प्रकाश चौधरी भाजपा के वरिष्ठ नेता और तीस मार्च को हुए राज्यसभा चुनावों में निर्दलीय पवन धूत के चुनावों के प्रबंधक अजय मारु भाजपा विधायक अरुण मंडल और रामचंद्र बैठा के घरों और कार्यालयों पर छापेमारी की जा रही है। इनके अलावा सत्ताधारी झामुमो के विधायक सीता सोरेन पौलिस सोरेन और आजसू के विधायकों के यहां भी छापेमारी की जा रही है।

झारखंड के विपक्षी दलों राजद और कांग्रेस के विधायकों एवं कुछ निर्दलीयों के आवासों और घरों पर भी छापेमारी जारी है। सीबीआई की कुल 36 टीमों ने एक साथ रांची जमशेदपुर हजारीबाग गिरिडीह और बिहार के बांका जिलों में कुल 34 लोगों के खिलाफ छापेमारी की कार्रवाई प्रारंभ की।

सीबीआई अधिकारी ने बताया कि एजेंसी की टीमें कोलकाता में भी एक स्थान पर छापेमारी कर रही है। इसके अलावा, 30 मार्च को हुए राज्यसभा चुनावों में निर्दलीय के तौर पर चुनाव मैदान में उतरे एक उम्मीदवार के भी घर छापेमारी की जा रही है। इससे पहले, 21 अप्रैल को सीबीआई ने कांग्रेस विधायक कृष्णानंद त्रिपाठी, झामुमो के विधायक विष्णु भैया, राजद विधायक सुरेश पासवान और निर्दलीय उम्मीदवार आर के अग्रवाल के साथ-साथ उनके कुछ रिश्तेदारों के ठिकानों पर छापेमारी की थी।

जांच एजेंसी ने 30 मार्च को हुए चुनावों में प्रयोग की गयी नयी मतदान पेटी को भी बरामद कर लिया था। बाद में इसकी जांच में मत पत्रों की जांच और गिनती कर विधायकों के मतदान और उसके पीछे के कारणों की जांच की गयी थी। कथित तौर पर इस जांच में पाया गया था कि रद्द हुए चुनावों मैं जीत के लिए आवश्यक मत निर्दलीय पवन धूत और झामुमो उम्मीदवार संजीव कुमार को प्राप्त हुए थे।

सीबीआई ने 30 मार्च को हुए राज्यसभा चुनावों के संबंध में मतदान के कुछ दिनों बाद ही भारतीय दंड संहिता की धारा 171 एफ और 188 के तहत मामला दर्ज किया था जिसमें किसी को अवैध तरीके से प्रभावित करके अवैध कार्य करके कानून व्यवस्था की स्थिति को बिगाड़ने के आरोप शामिल है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+