अफगानिस्तान में राजनीतिक प्रक्रिया को समर्थन दें भारत, पाकिस्तान : अमेरिका
अरुण कुमार
वाशिंगटन, 19 फरवरी (आईएएनएस)। अमेरिका ने भारत और पाकिस्तान से आग्रह किया है कि उन्हें अफगानिस्तान में राजनीतिक प्रक्रिया का समर्थन करना चाहिए। इसके साथ ही अमेरिका ने कहा है कि अफगानिस्तान में मेल-मिलाप उसके पड़ोसियों, खासतौर से पाकिस्तान की सहभागिता और समर्थन पर निर्भर होगा।
अमेरिकी विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन ने शुक्रवार को कहा, "निश्चितरूप से हम इस खबर से उत्साहित हैं कि भारत और पाकिस्तान विश्वास बहाली के लिए फिर से संवाद शुरू कर रहे हैं, और हम अफगानिस्तान में एक राजनीतिक प्रक्रिया को समर्थन देने के लिए उसी भावना के साथ काम करने हेतु उन्हें प्रोत्साहित करते हैं।"
क्लिंटन ने न्यूयार्क में एशिया सोसायटीज सीरीज ऑफ रिचर्ड सी. हॉलब्रुक स्मृति सम्बोधन में कहा, "हम चाहते हैं कि वे, और अफगानिस्तान के सभी पड़ोसी देश अफगानिस्तान की सम्प्रभुता का सम्मान करें।"
इसका अर्थ यह होता है कि अफगानिस्तान की सीमा के भीतर अपनी दुश्मनी का प्रदर्शन न करने के लिए राजी होना और यह सुनिश्चित कराने के लिए सुलह एवं प्रयासों को समर्थन देना कि अलकायदा और अन्य आतंकी संगठनों को कहीं भी पनाह न मिल पाए।
अफगानिस्तान में मेल-मिलाप के लिए व्यापक अंतर्राष्ट्रीय समर्थन जुटाने के अमेरिका के प्रयासों को तेज करने का संकल्प लेते हुए क्लिंटन ने कहा, "इसके बदले में अफगानिस्तान को भी चाहिए कि वह दूसरों के खिलाफ अपने भूभाग के इस्तेमाल की अनुमति न दे।"
क्लिंटन ने कहा कि पाकिस्तान एवं अफगानिस्तान के बीच ऐतिहासिक अविश्वास क्षेत्रीय अस्थिरता का एक मुख्य कारण है। उन्होंने कहा, "मेल-मिलाप होना और उसे बनाए रखना अफगानिस्तान के पड़ोसियों, खासतौर से पाकिस्तान की भागीदारी और समर्थन पर निर्भर करेगा।"
क्लिंटन ने कहा कि किसी भी मेल-मिलाप प्रक्रिया के तहत पाकिस्तान की जायज चिंताएं हैं, जिन्हें अफगान सरकार को समझना चाहिए और उसे दूर करना चाहिए।
क्लिंटन ने कहा कि पाकिस्तान की ओर से बनाया जाने वाला दबाव तालिबान को बातचीत की मेज पर लाने और उसे अलकायदा से दूर रखने में मददगार साबित होगा। क्लिंटन ने आगे कहा, "लेकिन पाकिस्तान की अपनी खुद की जिम्मेदारियां हैं। इसमें यह सुनिश्चित कराने के लिए निर्णायक कदम उठाना भी शामिल हैं कि अफगान तालिबान, पाकिस्तानी भूभाग से आतंकवाद संचालित न कर सकें।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












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