काला धन : मामले दर्ज कराने के बाद नामों का खुलासा (लीड-1)
सरकार ने अपना यह आश्वासन प्रख्यात विधिवेत्ता राम जेठमलानी की याचिका की सुनवाई कर रही न्यायमूर्ति बी. सुदर्शन रेड्डी और न्यायमूर्ति एस.एस. निज्जर की खंडपीठ के समक्ष दी।
अपनी याचिका में जेठमलानी ने न्यायालय से मांग की है कि वह सरकार को विदेशी बैंकों में छुपा कर रखे गए धन को वापस लाने के लिए कदम उठाने का निर्देश दे।
न्यायालय ने इसके पहले केंद्र सरकार से पूछा कि कर न चुकाकर देश को सबसे ज्यादा चूना लगाने वाले हसन अली कहां हैं। इस बारे में उसे सूचित किया जाए। अली ने विदेशी बैंकों में बड़ी धन राशि जमा की है।
न्यायालय ने महाधिवक्ता गोपाल सुब्रह्मण्यम से पूछा कि अली कहां है वह इसके बारे में बताएं।
सुब्रह्मण्यम ने न्यायालय को बताया कि अली भारत में ही है और वह देश छोड़कर बाहर न जाए, यह सुनिश्चित करने के लिए सरकार इस दिशा में पूरी सावधानी बरत रही है। सुब्रह्मण्यम के इस बयान के बाद मामले को स्थगित कर दिया गया।
मामले में अगली सुनवाई तीन मार्च को होगी।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications