बिहार चुनाव : छठे चरण में मैदान में हैं दिग्गजों के रिश्तेदार

इस लिहाज से बक्सर जिले की रामगढ़ सीट आकर्षण का केन्द्र बनी हुई है। बक्सर के सांसद एवं राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता जगदानंद सिंह के पुत्र सुधाकर सिंह यहां से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के टिकट पर मैदान में हैं। परंतु राजद के नीति निर्धारकों में शामिल जगदानंद सिंह रामगढ़ सीट अपनी पार्टी के नाम करने के लिए जी-जान से जुटे हुए हैं। यहां पिता-पुत्र की लड़ाई दिलचस्प हो गई है। राजद ने यहां से अम्बिका सिंह को टिकट दिया है। सांसद बनने के पूर्व जगदानंद रामगढ़ से विधायक थे।
दूसरी तरफ जनता दल (युनाइटेड) के नेता एवं विक्रमगंज के सांसद महाबली सिंह के पुत्र धर्मेंद्र सिंह चैनपुर से राजद के टिकट पर चुनाव लड़ रहे हैं। औरंगाबाद से जद (यु) के सांसद सुशील सिंह के भाई सुनील सिंह औरंगाबाद विधानसभा सीट से राजद के टिकट पर मैदान में हैं, जबकि भाजपा ने यहां से रामाधार सिंह को मैदान में उतारा है।
इसके अलावा कई सीटों पर दिग्गज नेताओं के रिश्तेदार चुनावी मैदान में भाग्य आजमा रहे हैं। भाजपा के दिग्गज कैलाशपति मिश्र के भतीजे की पत्नी, दिलमानी देवी भाजपा के टिकट पर मैदान में हैं, तो बक्सर जिले की डुमरांव विधानसभा सीट से कांग्रेस ने पूर्व मुख्यमंत्री हरिहर सिंह की नातिन प्रतिभा सिंह को चुनावी अखाड़े में उतारा है। इन दोनों सीटों पर दिग्गजों के रिश्तेदारों के मैदान में आ जाने से ये सीटें प्रतिष्ठा का विषय बन गई हैं।
इतना ही नहीं गया के बाराचट्टी में जद (यु) के मंत्री जीतन राम मांझी की समधन ज्योति देवी को टिकट देकर यहां मुकाबला दिलचस्प बना दिया है। ज्योति को राजद की समता देवी से कड़ी टक्कर मिल रही है।
बहरहाल, इन सीटों पर दिग्गजों के रिश्तेदारों के मैदान में आ जाने से मुकाबला न केवल दिलचस्प हो गया है, बल्कि पार्टियों के लिए ये सीटें प्रतिष्ठा का प्रश्न बन गई हैं। इस कारण पार्टियां इन सीटों पर एड़ी-चोटी का जोर लगाए हुए हैं। गौरतलब है कि पांच चरणों में अबतक विधानसभा की 217 सीटों के लिए मतदान संपन्न हो चुका है। निर्वाचन आयोग ने राज्य की 243 सीटों के लिए छह चरणों में चुनाव कराने की घोषणा की थी। सभी सीटों के लिए मतगणना 24 नवंबर को होगी।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications