फ्रांसिस इंदवार की विधवा ने नक्सलियों से की अपील
उल्लेखनीय है कि बंधक बनाए गए चार पुलिसकर्मियों में से दो झारखण्ड के रहने वाले हैं। एहसान खान रांची के मंदार प्रखंड के और लुकास टेटे सिमडेगा जिले के निवासी हैं।
फ्रांसिस इंदवार की विधवा सुनीता इंदवार ने आईएएनएस को बताया, "मैंने नक्सलियों से बंधक बनाए गए पुलिसकर्मियों को छोड़ने की अपील की है। पुलिस अपने परिवार का भरण-पोषण करने के लिए महज अपनी ड्यूटी कर रही है। इन गरीब लोगों (पुलिसकर्मियों) को मारने से उन्हें (नक्सलियों) क्या मिलेगा जो अपने परिवार के लिए पैसे कमा रहे हैं।"
सुनीता ने अपना उदाहरण देते हुए कहा, "नक्सलियों को मेरे पति की हत्या करने से क्या मिला? मेरे बच्चे अनाथ हो गए। मैं नहीं चाहती कि कोई महिला विधवा बने या उसके बच्चे अनाथ हो जाएं।"
ज्ञात हो कि फ्रांसिस इंदवार को नक्सलियों ने पिछले वर्ष झारखण्ड के खूंटी जिले से अगवा किया था और बाद में उनका सिर काट दिया गया था। उनका सिर कटा शव रांची-जमशेदपुर राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित रईसा घाटी से बरामद किया गया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications