आग से ऊत्तरी गोलार्ध के ऊपर जहरीली गैस का बादल
समाचार एजेंसी आरआईए नोवोस्ती के अनुसार जंगलों में फैली आग से बेहद जहरीली गैस कार्बन मोनोआक्साइड पूरे वातावरण में फैल रही है। इसे रूस और कनाडा के सीमावर्ती इलाकों में आसानी से देखा जा सकता है।
'एटमॉस्फेरिक इंफरारेड साउंडर'(एआईआरएस) उपकरण से लैस नासा के एक्वो नाम के सेटेलाइट ने कार्बन मोनोआक्साइड गैस की पहचान की है, जो कनाडा और साइबेरिया के ऊपर 5.5 किलोमीटर की ऊंचाई तक फैला हुआ है।
एआईआरएस के साथ काम करने वाले वैज्ञानिकों ने बताया कि यूरोपीय रूस के ऊपर पहले से ही कार्बन मोनोआक्साइड गैस फैल चुकी है।
वैज्ञानिकों के मुताबिक हजारों हेक्टेयर में फैले जंगलों में भड़की आग की वजह से रोजाना 700,000 टन जहरीली गैस निकल रही है।
प्रदूषित धुआं से अब रूस और कनाडा के ऊपर एक गोला बन गया है। नासा के एक्वो और टेरा सेटेलाइट ने 11 अगस्त तक भीषण आग वाले 494 स्थानों की पहचान की थी। इसके पहले यह संख्या 582 थी।
इस आग की वजह से यूरोपीय रूस में मध्य जून से भीषण गर्मी पड़नी शुरू हो जाती है।
आग पर काबू पाने के लिए 22 प्रभावित क्षेत्रों में आपातकालीन सेवा के हजारों कर्मचारी और सेना के जवान लगे हुए हैं। इसमें अभी तक 50 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है और 3,500 बेघर हो चुके हैं।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications