महाराष्ट्र की पार्टियां चाहती हैं नायडू विरोध वापस लें
तेदेपा के अक्रामक रुख के समान ही रवैया अपनाते हुए नांदेड़ से सांसद भास्कर खतगांवकर ने कहा कि यदि नायडू महाराष्ट्र के लोगों की भावनाओं का आदर करने में विफल रहे तो सोमवार को धर्माबाद कस्बे में बंद रखा जाएगा।
तेदेपा के इस कदम को राजनीतिक करतबबाजी बताते हुए खतगांवकर ने जानना चाहा कि आंध्र प्रदेश का मुख्यमंत्री रहने के दौरान नायडू ने यह मुद्दा क्यों नहीं उठाया।
बाबली बांध कार्य समिति की ओर से बैठक आयोजित करने वाले नांदेड़ के विधायक ओमप्रकाश पोकरना ने आरोप लगाया कि तेदेपा राजनीतिक लाभ के लिए महाराष्ट्र की शांति को भंग करना चाहती है। उन्होंने नायडू और उनके 74 समर्थकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग राज्य सरकार से की।
नायडू और उनके 74 समर्थकों को शुक्रवार को निषेधात्मक आदेशों का उल्लंघन करने और महाराष्ट्र में प्रवेश करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तार लोगों में अधिकतर वर्तमान और पूर्व विधायक तथा सांसद हैं।
पोकरना ने आरोप लगाया कि आंध्र प्रदेश के तेलंगाना क्षेत्र में 27 जुलाई को उपचुनावों की घोषणा को देखते हुए तेदेपा राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास कर रही है।
नायडू और उनके समर्थकों ने जमानत लेने से इंकार कर दिया और वे सोमवार तक न्यायिक हिरासत में हैं।
तेदेपा के आंदोलन के विरोध में धर्माबाद कस्बे में शनिवार को बंद रहा। मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण के गृह जनपद नांदेड़ में सोमवार को एक और बंद का खतरा दिख रहा है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications