मंजूनाथ हत्याकांड : मुख्य अभियुक्त की मौत की सजा उम्रकैद में तब्दील (लीड-1)
न्यायामूर्ति के.के.मिश्रा और न्यायामूर्ति धर्मवीर शर्मा की खंडपीठ ने यह फैसला सुनाया। न्यायालय ने मुख्य अभियुक्त की फांसी की सजा को उम्र कैद में तब्दील करने के साथ इस हत्याकांड के बाकी सात अभियुक्तों में से दो को बरी करते हुए पांच अभियुक्तों देवेश अग्निहोत्री, शिवकेश गिरि, राजेश वर्मा, राकेश तथा विवेक शर्मा की आजीवन कारावास की सजा बरकरार रखी है।
बचाव पक्ष के वकील चंद्र भूषण पांडे ने संवाददाताओं को बताया कि मोनू मित्तल के दोस्त संजय अवस्थी और नौकर हरीश मिश्रा को अदालत ने बरी कर दिया। उन्होंने कहा कि न्यायालय द्वारा इस बात का संज्ञान लिया गया कि इन दोनों के पास से कोई ऐसी सामग्री की बरामदगी नहीं हुई जिससे कि मंजूनाथ हत्याकांड में इनकी संलिप्तता साबित हो।
निचली अदालत ने इस मामले में 26 मार्च 2007 को मुख्य अभियुक्त मोनू मित्तल को फांसी की सजा और सात अन्य अभियुक्तों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी।
लखनऊ उच्च न्यायालय के फैसले से निराश लोक अभियोजक ओ.पी.श्रीवास्तव ने कहा कि मुख्य अभियुक्त को मौत की सजा के लिए वह उच्चतम न्यायालय में अपील करेंगे। मंजूनाथ ट्रस्ट के वकील आई.बी.सिंह ने कहा कि न्यायालय द्वारा मुख्य अभियुक्त की सजा बदलने से ऐसा प्रतीत होता है कि उसने इस मामले पर दुर्लभ मामले (रेयरेस्ट ऑफ द रेयर) की तरह विचार नहीं किया।
सिंह ने कहा कि अभी हम फैसले का अध्ययन कर रहे हैं। मंजूनाथ ट्रस्ट और उनके परिवार की सहमति के बाद इसका फैसला करेंगे कि लखनऊ उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ उच्चतम न्यायालय का दरवाजा खटखटाना है या नहीं।
उल्लेखनीय है कि भारतीय तेल निगम (आईओसी) के क्षेत्रीय विपणन अधिकारी एस. मंजूनाथ ने उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में तेल में मिलावट के गोरखधंधे का पर्दाफाश किया था। आरोप है कि 19 नवंबर 2005 को पेट्रोल पंप मालिक मोनू मित्तल ने उनकी हत्या करवा दी थी।
बताया जाता है कि इस युवा अधिकारी ने पेट्रोल पंप से मिलावटी तेल की बिक्री के लिए लाइसेंस रद्द करने की चेतावनी दी थी। भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम), लखनऊ से स्नातक मंजूनाथ का शव उनकी हत्या के कुछ दिन बाद पड़ोसी जिले सीतापुर से बरामद हुआ था। लखीमपुर खीरी जिला एवं सत्र न्यायालय ने 26 मार्च 2007 को मोनू मित्तल सहित आठ अभियुक्तों को दोषी करार दिया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












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