CUET-UG 2025: तकनीकी खामियों की भेंट चढ़ी स्टूडेंट्स की मेहनत! श्रीनगर में लगातार दूसरे दिन कैंसिल हुए एग्जाम
CUET-UG 2025: कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET-UG) 2025, जिसे देश की लाखों छात्रों की उम्मीदों और मेहनत का प्रतीक माना जाता है, एक बार फिर तकनीकी खामियों की भेंट चढ़ता नजर आ रहा है। श्रीनगर के रंगरेठ स्थित केंद्र पर लगातार दूसरे दिन परीक्षा रद्द कर दी गई, जिससे छात्रों और अभिभावकों में भारी नाराजगी देखने को मिली।
एक ओर जहां छात्र महीनों की तैयारी के बाद परीक्षा केंद्र तक पहुंचे थे, वहीं दूसरी ओर तकनीकी गड़बड़ियों ने उनकी मेहनत पर पानी फेर दिया। यह पहली बार नहीं है जब CUET-UG में इस तरह की परेशानी सामने आई हो। इससे पहले भी अलग-अलग वर्षों में परीक्षा के दौरान तकनीकी दिक्कतें, शेड्यूल में बदलाव और केंद्रों की अव्यवस्था ने छात्रों को मानसिक तनाव में डाला है।

इस साल रिकॉर्ड 1.35 करोड़ से ज्यादा छात्रों ने आवेदन किया है, ऐसे में हर छोटी चूक लाखों सपनों को प्रभावित कर सकती है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने बताया कि श्रीनगर के रंगरेठ स्थित केंद्र के सभी प्रभावित छात्रों की परीक्षा आने वाले दिनों में कराई जाएगी।
ये भी पढ़ें: JNU Admissions 2025: CUET के जरिए जेएनयू में एडमिशन का मौका! UG, PG और PhD कोर्सेस में ऐसे मिलेगा दाखिला
जल्द मिलेगा नया एडमिट कार्ड
NTA के एक वरिष्ठ अधिकारी ने जानकारी दी, "तकनीकी कारणों से श्रीनगर के काइट पॉलिटेक्निक में परीक्षा नहीं हो सकी। जिन छात्रों की परीक्षा प्रभावित हुई है, उनके लिए नई तारीख तय की जाएगी और एडमिट कार्ड भी जल्द जारी होंगे।"
दिल्ली और नोएडा में भी परेशान हुए छात्र
मंगलवार को दिल्ली के रोहिणी परीक्षा केंद्र पर छात्रों को तकनीकी और प्रबंधन से जुड़ी अव्यवस्थाओं का सामना करना पड़ा। वहीं नोएडा में कई छात्र समय पर केंद्र नहीं पहुंच पाए, जिससे उनकी परीक्षा छूट गई। बताया गया कि ट्रैफिक जाम इसकी बड़ी वजह रही।
1.35 करोड़ से ज्यादा आवेदन, परीक्षा CBT मोड में
CUET-UG 2025 के लिए इस बार रिकॉर्ड 1.35 लाख से अधिक छात्रों ने आवेदन किया है। इस बार परीक्षा पूरी तरह कंप्यूटर आधारित (CBT) मोड में कराई जा रही है।
पहले भी रह चुकी हैं तकनीकी दिक्कतें
यह पहली बार नहीं है जब CUET-UG में तकनीकी दिक्कतें सामने आई हैं। 2022 में जब यह परीक्षा पहली बार हुई थी, तब भी कई केंद्रों पर तकनीकी समस्याएं देखने को मिली थीं। इसके चलते अलग-अलग शिफ्ट में हुए एक ही विषय की परीक्षा के अंकों को नॉर्मलाइज करना पड़ा था।
2024 में पहली बार हाइब्रिड मोड में हुई थी परीक्षा
पिछले साल यानी 2024 में परीक्षा पहली बार हाइब्रिड मोड (ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों) में कराई गई थी। लेकिन परीक्षा से एक रात पहले ही दिल्ली में लॉजिस्टिक समस्याओं की वजह से परीक्षा रद्द करनी पड़ी थी।
ये भी पढ़ें: CUET UG के स्कोर के जरिए मिलता है 280 से अधिक कॉलेज में एडमिशन! यहां देखिए टॉप 50 यूनिवर्सिटी की लिस्ट












Click it and Unblock the Notifications