Kesar Mango Export : 'फलों के राजा' की अमेरिका में धाक, 15.5 मीट्रिक टन आम महाराष्ट्र से निर्यात
भारत के आम की डिमांड अमेरिका में भी है। महाराष्ट्र का केसर आम अमेरिका एक्सपोर्ट किया गया है। APEDA के मुताबिक केसर मैंगो समुद्री रास्ते से एक्सपोर्ट किया गया है। पढ़िए रिपोर्ट
नई दिल्ली, 04 जून : आम को 'फलों का राजा' कहा जाता है। पोषण से भरपूर आम के एक कप को सुपरफूड जैसा माना गया है। कच्चे आम और पके हुए आम का इस्तेमाल कई तरीकों से किया जाता है। फल के अलावा आम का एक्सपोर्ट (Mango export) कई दूसरे तरीकों से भी किया जाता है। भारत में अलग-अलग राज्यों में पैदा होने वाले आम की विदेश में भी भारी डिमांड है। इसी मांग को देखते हुए महाराष्ट्र के केसर आम को अमेरिका निर्यात किया गया है।

15.5 मीट्रिक टन एक्सपोर्ट
APEDA ने ट्वीट कर बताया, महाराष्ट्र स्टेट एग्रीकल्चरल मार्केटिंग बोर्ड (Maharashtra State Agricultural Marketing Board- MSAMB) और भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर (Bhabha Atomic Research Center-BARC) के साथ मिलकर केसर आम की खेप अमेरिका भेजी गई। APEDA ने कहा,15.5 मीट्रिक टन केसर आम की खेप समुद्री मार्ग से अमेरिका भेजी गई।
निर्यात से पहले प्रोसेस किए गए आम
केसर मैंगो एक्सपोर्ट (maharashtra kesar mango export) से पहले APDEA से मान्यता प्राप्त MSAMB फैकहाउस एंड इराडिएशन सेंटर पर प्रोसेस किया गया। APEDA से मान्यता प्राप्त संकल्प एग्रो एनिमल प्राइेट लिमिटेड ने केसर आम अमेरिका एक्सपोर्ट किया।

केसर आम का उत्पादन
मराठवाड़ा रीजन में पैदा होने वाला केसर मैंगो कम मिठास के लिए पॉपुलर है। महाराष्ट्र के औरंगाबाद जिले में 40 हजार हेक्टेयर बाग में केसर आम का उत्पादन होता है। इसके अलावा जालना, बीड और लातूर में भी केसर मैंगो का उत्पादन होता है। इस आम में भरपूर पल्प होता है। गौरतलब है कि भारत में पैदा होने वाले आमों की 10 वेराइटी को जीआई टैग दिया जा चुका है।
5 वेराइटी के आम व्हाइट हाउस भेजे गए
मैंगो एक्सपोर्ट पर 19 मई को प्रकाशित इंडियन एक्सप्रेस डॉटकॉम की एक रिपोर्ट के मुताबिक महाराष्ट्र के पुणे के एक्सपोर्टर केसर आम के अलावा भी आम की कुछ किस्मों को अमेरिका निर्यात करने के लिए चुन चुके हैं। पुणे के एक्सपोर्टर रेनबो इंटरनेशनल के निदेशक एसी भासाले के हवाले से इस रिपोर्ट में कहा गया कि आम की पांच किस्मों की खेप व्हाइट हाउस भेजी गई। मैंगो शिपमेंट में महाराष्ट्र के केसर, अल्फोंसो, और गोवा मांकुर आम के अलावा आंध्र प्रदेश के बेगनपल्ले और हिमायत आम भी अमेरिका भेजे गए थे।
जापान में केसर आम की डिमांड
महाराष्ट्र के आमों की विदेश में डिमांड का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि केसर आम जापान में भी एक्सपोर्ट किए गए हैं। हिंदुस्तान टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक एग्रीकल्चरल एंड प्रोसेस्ड फूड प्रोडक्ट्स एक्सपोर्ट डेवलपमेंट अथॉरिटी (Agricultural and Processed Food Products Export Development Authority-APEDA) की ओर से सीजन के केसर और अल्फोंसो आम की पहली खेप विगत 26 मार्च को जापान निर्यात की गई थी।
जापान में मैंगो फेस्टिवल
बता दें कि आजादी का अमृत महोत्सव के तहत कई कार्यक्रमों का आयोजन हो रहा है। इसी कड़ी में जापान की राजधानी टोक्यो में मैंगो फेस्टिवल का आयोजन हुआ था। इसमें आमों की प्रदर्शनी के अलावा इन्हें चखने के इंतजाम किए गए थे। यह भी दिलचस्प है कि हॉर्टिकल्चर यानी बागवानी में सुनहरा भविष्य देखते हुए महाराष्ट्र के अलावा कई अन्य राज्यों के किसान भी अब बड़ी मात्रा में आम का उत्पादन कर रहे हैं। मध्य प्रदेश और ओडिशा में मियाजाकी मैंगो का उत्पादन इसी का उदाहरण है। इन राज्यों में आंध्र प्रदेश, उत्तर प्रदेश और बिहार, पश्चिम बंगाल और कर्नाटक जैसे प्रदेश शामिल हैं। इन राज्यों के आम की विशेषता के कारण जीआई टैग दिया गया है।












Click it and Unblock the Notifications