Good Friday 2017: जानिए क्या है 'गुड फ्राइडे' और इसका महत्व
गुड फ्राइडे को होली फ्राइडे, ब्लैक फ्राइडे या ग्रेट फ्राइडे भी कहते हैं, ये ईसाईयों के लिए प्रेम और क्षमा का दिन होता है।
बेंगलुरू। भारत देश में हिंदू, मुसलमान, सिख, ईसाई धर्म और भी ना जाने कितने धर्मों और मतों के लोग अपने-अपने रीति-रिवाजों और त्योहारों को साथ-साथ मिल कर मनाते हैं।
फिर भी ईसाई धर्म के त्योहार बाकी मतावलंबियों के लिए बहुत हद तक अनजाने ही बने रहते हैं। हालांकि बड़ा दिन यानी 25 दिसंबर सभी धर्म के लोग मनाते हैं लेकिन गुड फ्राइडे अभी भी बहुत से लोगों के लिए एक रहस्य है।

क्या है गुड फ्राइडे?
आज के ही दिन प्रभु ईसा मसीह अपने अनुयायियों के कल्याण के लिए सूली पर चढ़ गए थे। गुड फ्राइडे ईसाईयों के लिए प्रेम और क्षमा का दिन होता है। ईसा अपने अनुयायियों को अपने प्रति अपराध करने वालों को भी माफ करने का संदेश दे गए थे।

गुड फ्राइडे की शुरुआत 40 दिन पहले
गुड फ्राइडे की शुरुआत 40 दिन पहले ही हो जाती है। इस धर्म के लोग 40 दिन तक व्रत रखते हैं। गुड फ्राइडे इन 40 दिनों की समाप्ति का दिन होता है। ईसाई पूरे 40 दिन तक संयम और व्रत का निर्वाहन कर अपनी आत्मा को शुद्ध करते हैं।

आत्मा के शुद्धीकरण का संदेश
उल्लेखनीय है कि ये धर्म भी अपने मतावलंबियों को प्रेम और क्षमा के अलावा अपनी आत्मा के शुद्धीकरण का संदेश देता है। मान्यता है कि यीशु शुक्रवार से शनिवार तक कब्र में रहने के बाद पुनर्जीवित हो गए थे।

होली फ्राइडे, ब्लैक फ्राइडे या ग्रेट फ्राइडे
गुड फ्राइडे को होली फ्राइडे, ब्लैक फ्राइडे या ग्रेट फ्राइडे भी कहते हैं। दो भिन्न वर्गों के अनुसार गुड फ्राइडे का अनुमानित वर्ष AD 33 है, जबकि आइजक न्यूटन ने बाइबिल और जूलियन कैलेंडर के बीच के अन्तर और चांद के आकार के आधार पर गणना की है कि वह वर्ष मूलतः AD 34 है।












Click it and Unblock the Notifications