OMG2: सेंसर बोर्ड ने सुधार दी ओएमजी-2 की 'गलतियां'
OMG2: अक्षय कुमार की OMG2 का टीजर लांच होते ही 'आदिपुरुष' के भुक्तभोगी हिंदुओं ने सोशल मीडिया पर हंगामा खड़ा कर दिया था। अब उन्हें अक्षय कुमार पर भी भरोसा नहीं था। ऐसे में टीजर में अक्षय को रेलवे प्लेटफॉर्म पर बैठकर ट्रेन साफ करने के पानी से नहाते देखना और भी बड़ी गलती हो गई, जो भारी पड़ गई। बात में दम भी था, जब शिवजी के रूप में ही दिखा रहे तो प्लेटफॉर्म वाले पानी से कैसे नहला सकते हो उन्हें? सोशल मीडिया पर हंगामा हुआ तो कभी खुद फिल्में ना देखने वाली सेंसर बोर्ड की मुख्य कमेटी भी सक्रिय हो गई। फिल्म को दोबारा देखने का निर्णय लिया गया और अब नतीजे आ गए हैं।
एक दो नहीं पूरे 27 कट लगाने का सेंसर बोर्ड ने आदेश दिया है। साथ में एडल्ट वाला 'ए' सर्टिफिकेट भी चिपका दिया है। भगवान पर बनी देश में शायद पहली ऐसी मूवी होगी जिसे 'ए' सर्टिफिकेट के साथ रिलीज किया जाएगा। फिल्म मेकर को तीसरा झटका और दिया गया है और वो यह कि अक्षय कुमार महादेव के रोल में नहीं बल्कि महादेव के दूत के रूप में होंगे। इसी वजह से एक डायलॉग मूवी में अतिरिक्त जोड़ा जाएगा, 'नंदी मेरे भक्त... जो आज्ञा मेरे प्रभु'।

एक स्कूल का नाम बदलकर सर्वोदय किया गया है। एक डायलॉग भी हटाया गया है, 'वहां मदिरा चढ़े है'। इस पर लोगों को आपत्ति हो सकती थी। मंदिर से होने वाली एक घोषणा को भी बदल दिया गया है, जिसमें पहले कहा गया था कि, 'महिलाएं नहीं देख सकतीं, इस संदेश से हिंदू धर्म के महिला विरोधी होने का भ्रम हो सकता था, सो बदल दिया गया। अब नया डायलॉग होगा, "ओ लाल शर्ट वाले भैया... बाबा का ध्यान करते रहो'।
एक सीन को देखकर लगेगा कि निर्देशक के मन में भी पता नहीं क्या उड़ता तीर लेनी की जिद थी। उसने एक सीन में 'मूड कॉन्डम' का बड़ा बिलबोर्ड लगा रखा था। जाहिर है जानबूझकर लगाया गया होगा। सेंसर बोर्ड ने वो सीन ही कट करवा दिया है। सेंसर बोर्ड अब इतना सेंसेटिव हो गया, जहर की शीशी पर लिखा था 'रैट पॉइजन'। सेंसर बोर्ड ने 'रैट' शब्द ही उसमें से हटवा दिया कि कहीं बच्चों को रैट पॉइजन नाम का नया हथियार ना मिल जाए और निराशा में कहीं इस्तेमाल कर लें।
सही समय पर सेंसर बोर्ड ने फैसला ले लिया वरना हंगामा होना तय था। एक डायलॉग सुनकर आप अंदाजा लगा सकते हैं, 'स्त्री की योनि.. हवन कुंड है"। बोर्ड ने इसे भी काटने का आदेश जारी कर दिया है। ये अश्लील सा लगता डायलॉग कोर्ट में एक केस की सुनवाई के दौरान इस मूवी में शामिल किया गया था। डायलॉग से भी ज्यादा इसमें कलाकार की मुद्रा को अश्लील पाया गया है। हालांकि 'हराम' या 'हरामी' शब्द फिल्मों के लिए आम हैं, लेकिन भगवान से जुड़ी इस मूवी में से बोर्ड ने 'हराम' शब्द को 'पाप' करने के लिए बोला है।
मूवी में एक महत्वपूर्ण डायलॉग है, जिसको भगवद् गीता, शिवलिंग, पांडव, द्रौपदी, अर्थववेद, कृष्ण, गोपियां, रासलीला, उपनिषद आदि शब्दों को लेकर बुना गया था। अंदाजा ही लगा सकते हैं रास लीला, गोपियां और द्रौपदी को लेकर क्या क्या बोला गया होगा। बोर्ड ने इस पूरे डायलॉग पर ही कैंची चला दी है। सबसे विशेष बात अक्षय के प्लेटफॉर्म पर नहाने का जो सीन आपने टीजर में देखा था, अब आप वह फिल्म में नहीं देख पाएंगे। फिल्म में एक दो जगह अक्षय के नशे में धुत्त होने का भी सीन था, उसे हटा दिया गया है।
सेक्स स्पेशलिस्ट प्रकाश कोठारी का भी एक सीन इस मूवी में है, जिसमें वो हस्तमैथुन के बारे में अपनी राय दे रहे हैं। इसको भी बदल दिया गया है। एक और डायलॉग में बदलाव किया गया है जिसकी लाइन है, 'हमारा देश.. पीछे नहीं है'। एक सीन में पंकज त्रिपाठी का किरदार एक सेक्स वर्कर के साथ अप्राकृतिक सैक्स को लेकर तर्क कर रहा है, उस सीन के डायलॉग ही नहीं विजुअल्स में भी बदलाव किया गया है। सत्यम शिवम सुंदरम के सीन को भी हटाने के लिए बोला गया है और एक जज कोर्ट में सेल्फी ले रहा है, उस सीन को भी। कई सीन में लिंग या शिवलिंग शब्द भी बोला गया है, उसमें भी बदलाव किया गया है।
सबसे दिलचस्प बात है कि उज्जैन महाकाल के पुजारियों द्वारा मंदिर का नाम लिए जाने पर ऐतराज जताने के बाद अब फिल्म में आपको कहीं महाकाल तो दूर उज्जैन का भी नाम नहीं मिलेगा। बोर्ड ने साफ कह दिया है कि किसी भी वास्तविक स्थान का नाम नहीं रखा जा सकता। बाल अधिकार संरक्षण आयोग (NCPCR) की गाइडलाइंस के मुताबिक बोर्ड ने बच्चे के सेक्सुअल आचरण के सीन में भी बदलाव करने को बोला है।
ऐसे में सभी सिफारिशों को माना जाए तो फिल्म से निर्माता को कुल 13 मिनट के सीन हटाने पड़ जाएंगे, जबकि मूवी 156 मिनट की है। जब तक ये सभी बदलाव नहीं किए जाएंगे फिल्म को सर्टिफिकेट जारी नहीं किया जाएगा और ये रिलीज नहीं होगी। ऐसे में जबकि फिल्म की रिलीज की तारीख 11 अगस्त पहले से तय है, ऐसा करना मुश्किल ही होगा। अब गेंद फिल्म निर्माता के पाले में है कि वो फिल्म में सेंसर बोर्ड द्वारा बताये गये सीन और डॉयलॉग हटाते हैं या फिर मूवी को रिलीज करने की डेट आगे बढ़ाते हैं।
(इस लेख में लेखक ने अपने निजी विचार व्यक्त किए हैं। लेख में प्रस्तुत किसी भी विचार एवं जानकारी के प्रति Oneindia उत्तरदायी नहीं है।)












Click it and Unblock the Notifications