भगवान के दर पर अब सब हुए आम', उत्तराखंड सरकार ने चारों धाम पर VIP एंट्री पर लगाई रोक
उत्तराखंड सरकार ने चार धामों में वीआईपी एंट्री को बंद किया
देहरादून, 14 मई। उत्तराखंड के चारधामों में व्यवस्थाओं को सुधारने के लिए राज्य सरकार लगातार पहल करने में जुटी है। 28 श्रद्धालुओं की मौत के बाद अब सरकार धामों में भीड़ को नियंत्रित करने के लिए नियम कानून सख्त करने में जुट गई है। सबसे पहले सरकार ने चार धामों में वीआईपी एंट्री को बंद करने का निर्णय लिया है। जिससे अनावश्यक भीड़ अब धाम में नजर नहीं आएगी। इस फैसले से एक बार फिर राज्य सरकार की धामों में अव्यवस्थाओं की पोल खुल गई है।

Recommended Video
आम लोगों की खास में एंट्री नहीं
चारधामों में फैली अव्यवस्थाओं को दूर करने के लिए राज्य सरकार ने बड़ी पहल की है। अब आम लोगों की खास में एंट्री नहीं होगी। प्रोटोकॉल के तहत आने वाले वीआईपी ही वीआईपी दर्शन की सुविधा ले पाएंगे। हालांकि इसको लेकर आदेश में कुछ भी स्थिति स्पष्ट नहीं है। चारधाम में बेकडोर से कराए जा रहे दर्शन को लेकर यात्रियों की नाराजगी सामने आ चुकी है। जिसको लेकर सोशल मीडिया में वीडियो वायरल हो रहे हैं। जिसका सरकार ने संज्ञान लिया है। इतना ही नहीं हेली सेवा से दर्शन को आने वाले श्रद्धालुओं को भी केदारनाथ मंदिर में वीआईपी दर्शन नहीं हो सकेंगे। हेली सेवा से आने वालों को भी तीर्थयात्रियों के साथ दर्शन की कतार में खड़ा होना होगा। अब तक हेली सेवा से केदारनाथ पहुंचने वाले यात्री वीआईपी गेट से दर्शन करते आ रहे हैं। इसके पीछे की वजह हेलीकॉप्टर का तय समय होना है। स्थानीय स्तर पर दर्शन के नाम पर हो रही अव्यवस्थाओं की शिकायत आने के बाद सरकार ने ये फैसला लिया है। इस फैसले से एक बार फिर राज्य सरकार की पोल खुल गई है।
चारों धामों में दर्शन की एक समान व्यवस्था लागू
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वीआईपी दर्शन पर पूरी तरह से रोक लगाते हुए चारों धामों में दर्शन की एक समान व्यवस्था लागू कर दी। मुख्यमंत्री ने तीर्थयात्रा पर आ रहे नौजवानों से अपील की कि वे बुजुर्गों और महिलाओं को पहले दर्शन करने दें। उन्होंने यह भी अपील की कि जिन तीर्थयात्रियों का स्वास्थ्य ठीक अवस्था में नहीं है, वे यात्रा शुरू न करें। यात्रा के लिए ठहरने व अन्य जरूरी इंतजाम करने के बाद ही निकलें। उन्होंने पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों को सुव्यवस्थित और नियमानुसार यात्रा संचालन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि चार धाम यात्रा हमारी चुनौती है, लेकिन सरकार इसे सुव्यवस्थित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि बीते कुछ समय में चार धाम यात्रा में जितनी भी मौतें हुई हैं, वे यात्रा में अव्यवस्था एवं भगदड़ मचने से नहीं, बल्कि अन्य स्वास्थ्यगत कारणों से हुई हैं। अब तक मंदिरों में समिति की ओर से कई यात्रियों और जानकारों को वीआईपी गेट से एंट्री दी जाती है। जिससे लाइन में खड़े यात्रियों को घंटे इंतजार करना पड़ता है। इससे कई बार धामों में अव्यवस्थाएं होती है। केदारनाथ में हवाई यात्रा से आने वाले श्रद्धालुओं को भी वीआईपी गेट से एंट्री होती है। इस आदेश के बाद अब हवाई यात्रा वाले यात्री भी कतार में लगगर ही दर्शन कर पाएंगे।












Click it and Unblock the Notifications