Joshimath sinking: बद्रीनाथ हाईवे पर नई दरारें, प्रशासन हुआ सतर्क, ये है रणनीति
लगभग डेढ़ महीने से जोशीमठ में भू धंसाव की समस्या आ रही है। अब बद्रीनाथ हाईवे पर भी भू धंसाव की समस्या आ रही है। रेलवे गेस्ट हाउस के पास हाईवे पर करीब दस फीट गहरा गड्ढा हो गया, जिससे नई परेशानी खड़ी हो गई है।

एक तरफ सरकार चारधाम यात्रा की तैयारियों में जुटी है। दूसरी तरफ जोशीमठ प्रकरण पर भी बारीकी से नजर बनाए हुए है। लगभग डेढ़ महीने से जोशीमठ में भू धंसाव की समस्या आ रही है। अब बद्रीनाथ हाईवे पर भी भू धंसाव की समस्या आ रही है। रेलवे गेस्ट हाउस के पास हाईवे पर करीब दस फीट गहरा गड्ढा हो गया, जिससे नई परेशानी खड़ी हो गई है। सूचना मिलने पर सीमा सड़क संगठन ने मजदूरों की मदद से गड्ढे को भर दिया। गड्ढा इतना गहरा था कि उसे भरने में करीब आधा ट्रक पत्थर, सीमेंट और कंक्रीट लगे। इसके बाद तहसीलदार ने हाईवे का निरीक्षण किया। बता दें कि हाईवे पर इससे पहले मारवाड़ी होटल के पास गड्ढा हो गया था।
भू-धंसाव हो रहा है, वहां सुधारीकरण कार्य
बीआरओ हाईवे पर जहां-जहां भू-धंसाव हो रहा है, वहां सुधारीकरण कार्य करने में जुटा है। प्रशासन की टीम ने मारवाड़ी तक बदरीनाथ हाईवे का निरीक्षण किया। उन्होंने इस दौरान जगह-जगह पड़ीं दरारों को देखा। तहसीलदार ने सीमा सड़क संगठन के अधिकारियों को चारधाम यात्रा शुरू होने से पहले हाईवे को चाक-चौबंद करने के लिए कहा। 22 अप्रैल से चारधाम यात्रा शुरू होने जा रही है। 27 अप्रैल को बद्रीनाथ यात्रा शुरू होते ही जोशीमठ रुट पर भी ट्रैफिक चालू हो जाएगा। जिससे पहले प्रशासन को इस रुट पर व्यवस्थाएं दुरस्त करनी होगी। उधर जोशीमठ प्रशासन ने जोशीमठ में होटल व्यवसायियों को ऑनलाइन बुकिंग करने को कह दिया है। ऐसे में आने वाले दो माह में जोशीमठ की समस्या को हल करने के लिए प्रशासन पूरी तैयारियों में जुटा है। जिसको लेकर सरकार भी लगातार मॉनिटरिंग कर रही है।
Recommended Video













Click it and Unblock the Notifications