चारधाम यात्रा:राहत की खबर कोविड जांच जरुरी नहीं, लेकिन यात्रा पर निकलने से पहले ये काम करना न भूलें
बाहर से राज्य में आने वालों के लिए कोविड जांच जरुरी नहीं
देहरादून, 30 अप्रैल। उत्तराखंड में चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं को राज्य सरकार ने बड़ी राहत दी है। बाहर से राज्य में आने वाले यात्रियों और श्रद्धालुओं की कोविड जांच रिपोर्ट, टीकाकरण प्रमाणपत्र या इससे संबंधित अन्य किसी प्रकार की जांच की अनिवार्यता नहीं होगी। बीते दिनों से इसको लेकर भ्रम की स्थिति पैदा हो रही थी। धामी सरकार के कैबिनेट मंत्रियों की भी इसको लेकर अलग-अलग राय थी। जिसके बाद सरकार ने इसको लेकर स्पष्ट कर दिया है।

3 मई से शुरू होने जा रही यात्रा
देवभूमि में चारधाम यात्रा 3 मई से शुरू होने जा रही है। कोविड के बढ़ते केस के बीच शुरू हो रही यात्रा को लेकर यात्रियों और स्थानीय लोगों में भी कई प्रकार की संशय नजर आ रही थी। लेकिन इस बीच राज्य सरकार ने साफ कर दिया कि यात्रा में आने वाले लोगों को किसी प्रकार की बंदिश नहीं रहेगी। सिर्फ रजिस्ट्रेशन करना अनिवार्य होगा। उत्तराखंड सरकार ने साफ किया कि बाहर से राज्य में आने वाले यात्रियों और श्रद्धालुओं की कोविड जांच रिपोर्ट, टीकाकरण प्रमाणपत्र या इससे संबंधित अन्य किसी प्रकार की जांच की अनिवार्यता नहीं है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर एक बैठक में मुख्य सचिव एसएस संधु ने ये निर्देश दिए। मुख्य सचिव ने चारधाम यात्रा के सफल संचालन के लिये निर्देश दिए कि अग्रिम आदेशों तक यात्रियों एवं श्रद्धालुओं को राज्य की सीमा पर होने वाली असुविधा एवं भीड़ से बचाव के दृष्टिगत कोविड-19 जांच, टीकाकरण प्रमाणपत्र या अन्य किसी प्रकार की चेकिंग की अनिवार्यता नहीं है। मुख्य सचिव ने कहा कि चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं को उत्तराखंड पर्यटन विभाग द्वारा संचालित पोर्टल पर पंजीकरण करना अनिवार्य है। इसके साथ ही होटलों में अब टीके का प्रमाण पत्र दिखाना भी जरूरी नहीं होगा। इसके अलावा स्थानीय प्रशासन ने निर्णय लिया है कि केदारनाथ में एक दिन में 6 हजार से ज्यादा श्रद्धालु नहीं रूक पाएंगे। जिससे व्यवस्था बनाने में किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
रिकॉर्ड रजिस्ट्रेशन
कोविड प्रतिबंध खत्म होने के बाद इस बार यात्रियों के पंजीकरण का रिकॉर्ड टूटने लगा है। अब तक डेढ़ लाख से ज्यादा श्रद्धालु रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं। दो साल तक कोविड प्रतिबंध के कारण चारधाम यात्रा पूरी तरह से ठप रही। लेकिन इस बार कोविड प्रतिबंध खत्म होने की वजह से चारधाम को लेकर श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। इसी वजह से सरकार भी किसी तरह का प्रतिबंध शुरूआत में न लगाकर स्थानीय लोगों को निराश कर रही है। जिससे दो साल से ठप पड़े कारोबार को इस बार संजीवनी मिल सके।
ऐसे कराएं रजिस्ट्रेशन
3 मई को यमुनोत्री ओर गंगोत्री धाम के कपाट खोले जाएंगे, जबकि 6 मई को केदारनाथ और 8 मई को बद्रीनाथ धाम के कपाट खुलने हैं। ऐसे में सरकार,प्रशासन की तरफ से यात्रा की तैयारियां तेज हो गई है। चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं को अब रजिस्ट्रेशन कराने के लिए बायोमेट्रिक काउंटरों पर घंटों लाइन में नहीं लगना पड़ेगा। पर्यटन विभाग ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की सुविधा शुरू कर दी है। इसके लिए प्ले स्टोर में जाकर टूरिस्ट केयर एप को डाउनलोड करना होगा। जिसके बाद एप के माध्यम से अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के अलावा जिला पर्यटन कार्यालय और रेलवे स्टेशन पर भी रजिस्ट्रेशन की सुविधा उपलब्ध रहेगी। चारधाम यात्रा पर आने वाले तीर्थ यात्रियों के लिए अगले सप्ताह से ऑनलाइन पंजीकरण की सुविधा शुरू हो जाएगी। इसके लिए पर्यटन विभाग ने पंजीकरण पोर्टल भी तैयार कर लिया है। ऑनलाइन पंजीकरण के लिए https://registrationandtouristcare.uk.gov.in तैयार हो गया है। इस पोर्टल पर चारधाम यात्रा पर आने वाले तीर्थयात्री ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं।












Click it and Unblock the Notifications