‘अच्छे दिन आ गए हैं, अब मैं फिर से अपने शॉट्स खेल पा रहा हूं’, पुजारा की इंग्लैंड को वॉर्निंग
भारतीय क्रिकेट टीम का इंग्लैंड दौरा 1 जुलाई से शुरू होने वाला है। दौरे पर टीम इंडिया एक टेस्ट, 3 टी20 और इतने ही मैचों की वनडे सीरीज खेलेगी।

नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम का इंग्लैंड दौरा 1 जुलाई से शुरू होने वाला है। दौरे पर टीम इंडिया एक टेस्ट, 3 टी20 और इतने ही मैचों की वनडे सीरीज खेलेगी। दोनों टीमों के बीच सबसे पहले रीशेड्यूल टेस्ट मैच खेला जाएगा। ये मैच पिछले साल खेली जा रही 5 मैचों की टेस्ट सीरीज का हिस्सा है, जिसमें टीम इंडिया 2-1 से आगे चल रही है। पिछले साल ये मुकाबला मैनचेस्टर में खेला जाना था, लेकिन कोरोना के बढ़ते मामलों के कारण इसे रद्द कर दिया गया था। अब ये मैच 1 जुलाई से एजबेस्टन, बर्मिंघम में खेला जाएगा।

पुजारा की हुई वापसी
टेस्ट टीम में अनुभवी बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा (Cheteshwar Pujara) की वापसी हुई है। इस साल साउथ अफ्रीका दौरे पर शर्मनाक प्रदर्शन के बाद पुजारा, अजिंक्य रहाणे और इशांत शर्मा को टीम से ड्रॉप कर दिया गया था। हालांकि, पुजारा ने इसके बाद दमदार वापसी कर टीम में फिर से अपनी जगह बनाई। भारतीय टीम से ड्रॉप किए जाने के बाद उन्होंने पहले रणजी और उसके बाद काउंटी क्रिकेट में जमकर रनों की बारिश की। काउंटी में वह ससेक्स की टीम के लिए खेले थे।
टीम इंडिया में वापसी के बाद चेतेश्वर पुजारा का एक बड़ा बयान सामने आया है। बीसीसीआई टीवी पर बात करते हुए टेस्ट स्पेशलिस्ट खिलाड़ी ने रणजी ट्रॉफी को अपने कमबैक का क्रेडिट दिया।

सब कुछ अपने आप नॉर्मल हो गया
BCCI.tv पर बात करते हुए पुजारा ने कहा, "मेरे लिए सबसे महत्वपूर्ण बात इतने सारे फर्स्ट क्लास के मैच खेलना था। ससेक्स में शामिल होने से पहले मैं घर पर मैच खेलकर खुद को तैयार कर रहा था।'' उन्होंने आगे कहा, "रणजी ट्रॉफी में सौराष्ट्र के लिए खेले गए तीन मैचों में, मैंने अपनी खोई हुई लय को हासिल किया। मुझे पता था कि मैं अच्छी बल्लेबाजी कर रहा हूं। मुझे एक बड़ी पारी की तलाश थी और जब मैंने पहले ही मैच में बड़ा स्कोर बनाया, तब मैं समझ गया था कि अब सब नॉर्मल हो गया है। (मैं) अपने फुटवर्क को ढूंढ रहा था और बैक लिफ्ट खेलने में भी मुझे परेशानी नहीं हुई।''

पहले ही मैच में बनाए थे 91 रन
टीम इंडिया से ड्रॉप होने के बाद चेतेश्वर पुजारा ने रणजी ट्रॉफी के अपने पहले ही मैच में मुंबई के खिलाफ शानदार 91 रन की पारी खेली थी। तीन मैचों में उन्होंने 191 रन बनाए। इस दौरान 5 पारियों में पुजारा के बल्ले से 2 अर्धशतक देखने को मिले। रणजी में फॉर्म पाने के बाद वह ससेक्स के लिए काउंटी खेलने गए, जहां उनके बल्ले से रनों का सैलाब देखऩे को मिला।
दाएं हाथ के बल्लेबाज ने काउंटी डिवीजन 2 चैंपियनशिप में ससेक्स के लिए 5 मैचों में 120 की बेहतरीन औसत से कुल 720 रन बनाए। इस दौरान उनके बल्ले से चार शतक देखने को मिले, जिसमें दो दोहरे शतक शामिल थे। एक मैच में तो पुजारा 170 से स्कोर पर नाबाद लौटे थे। डरहम के खिलाफ उन्होंने 203 और डर्बीशायर के खिलाफ नाबाद 201 रन बनाए थे।

मैं इस खेल से प्यार करता हूं
पुजारा ने आगे अपने बयान में कहा, "मैं बस अपने खेल का आनंद लेना चाहता था और टीम की सफलता में योगदान देना चाहता था। सबसे महत्वपूर्ण बात मैदान पर अच्छा समय बिताना है। मैं इस खेल से प्यार करता हूं, क्रिकेट खेलने का आनंद लेता हूं और इसलिए जब भी मैं मैदान पर होता हूं तो मैं कोशिश करना चाहता हूं कि इसका अधिकतम लाभ उठा सकू।"

पिछली सीरीज में लगभग 33 का था औसत
चेतेश्वर पुजारा की ये धमाकेदार फॉर्म इंग्लैंड क्रिकेट टीम के लिए किसी वॉर्निंग से कम नहीं है। इंग्लैंड के खिलाफ पिछले साल खेले गए 4 टेस्ट मैचों में चेतेश्वर पुजारा का औसत लगभग 33 का था। 4 मैचों में अनुभवी खिलाड़ी ने 227 रन बनाए थे, जिसमें दो अर्धशतक शामिल थे। ओवरऑल इंग्लैंड के खिलाफ 26 मैचों में वह 40 की औसत से कुल 1699 रन बना चुके हैं। इंग्लैंड के खिलाफ पुजारा ने 5 शतक और 6 अर्धशतक लगाए हैं।












Click it and Unblock the Notifications