नवरात्र में मां दुर्गा के भक्त ने ली जीवित समाधि, निकालकर भेज दिया गया जेल
भीलवाड़ा। इन दिनों माता के शारदीय नवरात्र चल रहे हैं। भक्त माता की आराधना में लीन हैं। एक माता मंदिर के पुजारी ने इस दौरान जीवित समाधि ले ली। इससे क्षेत्र में हड़कम्प मच गया। सूचना मिलने पर 16 घंटे बाद पुलिस ने पुजारी को समाधि से निकाला। मामला अजमेर संभाग के भीलवाड़ा जिले का है।

भीलवाड़ा जिले के आसींद थाना क्षेत्र के कुराच्छां का खेड़ा गांव में डिंडोली माता का मंदिर तालाब की पाल पर स्थित है। इस मंदिर की पूजा गांव का ही श्रवण उर्फ धीरज खारोल करता था। श्रवण ने ग्रामीणों को बताया कि उसके गुरू ने सपने में आकर उसे नवरात्र में जिंदा समाधि लेने को कहा। इसके चलते वह समाधि ले रहा है। ग्रामीणों ने और श्रवण के परिजनों ने काफी समझाईश का प्रयास लेकिन उसने गुरू के आदेशों की पालना करने की बात कहकर समाधि ली। इसके बाद ग्रामीणों ने ही उस पर मिट्टी आदि डाली।

आसींद थानाधिकारी मनीष देव ने कहा कि जैसे ही उन्हें जानकारी मिली वह मौके पर पहुंचे और मंदिर के पास स्थित समाधि से पुजारी श्रवण को बाहर निकाला। उसकी बिगड़ती तबीयत को देखते हुए उसे तुरंत अस्पताल में भर्ती करवाया। यहां उपचार के बाद उसे ऐसी हरकत नहीं करने के लिए पाबंद किया लेकिन उसने गुरू के आदेशों का हवाला देते हुए फिर से समाधि लेने की बात कही। ऐसे में पुजारी श्रवण को शांति भंग के तहत गिरफ्तार करके एसडीएम के समक्ष पेश किया गया। एसडीएम ने भी जमानत के लिए 2 लाख का मुचलका भरवाया जिसे नहीं भर पाने के कारण उसे जेल भेजने के आदेश दिए। श्रवण को गुलाबपुरा स्थित जेल में रखा गया है और उसकी पूरी निगरानी भी जेल प्रबंधन द्वारा की जा रही है।












Click it and Unblock the Notifications