5 सितंबर को मुजफ्फरनगर में किसानों की महापंचायत, मोहाली से पहुंचेगा किसान समर्थकों का काफ़िला
केंद्र सरकार के ख़िलाफ़ तीन कृषि कानून को लेकर किसान आंदोलन कर रहे हैं। लेकिन अभी तक आंदोलन का कोई समाधान नहीं निकल पाया है। 5 सितंबर को उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में किसान महापंचायत रैली का आयोजन
चंडीगढ़, सितम्बर 2, 2021। केंद्र सरकार के ख़िलाफ़ तीन कृषि कानून को लेकर किसान आंदोलन कर रहे हैं। लेकिन अभी तक आंदोलन का कोई समाधान नहीं निकल पाया है। इसी कड़ी में विरोध प्रदर्शन के तहत 5 सितंबर को उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में किसान महापंचायत रैली का आयोजन किया जा रहा है। इस बाबत वन इंडिया हिन्दी से किसा नेता निर्मल सिंह ने बात की उन्होंने बताया कि किस तरह से उनकी अगुवाई में किसानों का काफ़िला मुजफ्फरनगर के लिए रवाना होगा।

मोहाली से जाएगा काफ़िला
किसान नेता निर्मल सिंह ने बताया किसान समर्थकों का एक काफिला मोहाली से उनकी अगुवाई में महापंचायत में शामिल होने के लिए रवाना होगा। उन्होंने बताया कि किसान नेता राकेश टकैत की अगुवाई में मुजफ़्फरनगर में महापंचायत का आयोजन किया जा रहा है। किसानों की मांगों को लेकर राकेश टकैत शुरू से ही इस संघर्ष में अहम भूमिका निभाते आए हैं। निर्मल सिंह ने कहा कि इस संघर्ष को अंतिम रूप देने तक जारी रखेंगे। जब तक कामयाबी हासिल नहीं हो जाएगी तब तक वह इस संघर्ष में पूरी तरह से सहयोग देते रहेंगे।
20 बसों की फ्री सेवा का किया इंतज़ाम
निर्मल सिंह ने बताया कि 5 सितंबर को मुजफ्फरनगर में होने वाली किसान महापंचायत रैली के लिए उनके द्वारा फ्री बस सेवा का इंतजाम भी किया गया है। 5 सितम्बर को मोहाली के बलौंगी से सुबह 3:30 बजे बसे मुजफ्फरनगर के लिए रवाना होंगी। उन्होंने कहा कि जो लोग भी इस बस सेवा का लाभ उठाना चाहते हैं वह समय के अनुसार बलौंगी ओवर ब्रिज के नीचे पहुंच कर बस से मुजफ़्फ़र नगर जा सकते हैं। शहर के लोगों से अपील करते हुए निर्मल सिंह ने कहा कि ज्यादा से ज्यादा लोग इस संघर्ष में अपना योगदान दें और इस महापंचायत रैली में शामिल होने के लिए पहुंचे। उन्होंने बताया कि इसके लिए 20 बसों का इंतजाम किया गया है। अगर जरूरत पड़ी तो मौके पर बसों की संख्या को और ज्यादा बढ़ाया जाएगा।
लंगर के लिए राशन और पीने के लिए पानी का योगदान
किसान नेता निर्मल सिंह ने बताया कि इस रैली में शामिल होने वाले लोगों के लिए लंगर और पानी का भी इंतज़ाम किया गया है। इसके लिए वे राशन तथा पानी का योगदान दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह संघर्ष किसानों का नहीं है, बल्कि यह संघर्ष हर इंसान के साथ जुड़ा हुआ है। क्योंकि तीन कृषि कानून लागू होने के बाद महंगाई की मार हर व्यक्ति पर पड़ेगी। इसलिए हर किसी को अपना फ़र्ज़ समझते हुए इस संघर्ष का हिस्सा बनना चाहिए और रोष प्रकट करने के लिए आगे आना चाहिए।
ये भी पढ़े: पंजाब कांग्रेस में कलह ख़त्म या फिर शुरू होगी कोई रणनीति, सिद्धू की सलाह से रावत ने किया किनारा
-
Delhi NCR Weather Today: दिल्ली-NCR में होगी झमाझम बारिश, दिन में छाएगा अंधेरा, गिरेगा तापमान -
युद्ध के बीच ईरान ने ट्रंप को भेजा ‘बेशकीमती तोहफा’, आखिर क्या है यह रहस्यमयी गिफ्ट -
Gold Silver Price: सोना 13% डाउन, चांदी 20% लुढ़की, मार्केट का हाल देख निवेशक परेशान -
Ram Navami Kya Band-Khula: UP में दो दिन की छुट्टी-4 दिन का लंबा वीकेंड? स्कूल-बैंक समेत क्या बंद-क्या खुला? -
इच्छामृत्यु के बाद हरीश राणा पंचतत्व में विलीन, पिता का भावुक संदेश और आखिरी Video देख नहीं रुकेंगे आंसू -
'मुझे 10 बार गलत जगह पर टच किया', Monalisa ने सनोज मिश्रा का खोला कच्चा-चिट्ठा, बोलीं-वो मेरी मौत चाहता है -
Petrol-Diesel Shortage: क्या भारत में पेट्रोल-डीजल समेत ईंधन की कमी है? IndianOil ने बताया चौंकाने वाला सच -
कौन हैं ये असम की नेता? जिनके नाम पर हैं 37 बैंक अकाउंट, 32 गाड़ियां, कुल संपत्ति की कीमत कर देगी हैरान -
Iran Vs America: ईरान ने ठुकराया पाकिस्तान का ऑफर, भारत का नाम लेकर दिखाया ऐसा आईना, शहबाज की हुई फजीहत -
LPG Crisis: एलपीजी संकट के बीच सरकार का सख्त फैसला, होटल-रेस्टोरेंट पर नया नियम लागू -
Trump Florida defeat: ईरान से जंग ट्रंप को पड़ी भारी, जिस सीट पर खुद वोट डाला, वहीं मिली सबसे करारी हार -
Who is Aryaman Birla Wife: RCB के नए चेयरमैन आर्यमन बिड़ला की पत्नी कौन है? Virat Kohli की टीम के बने बॉस












Click it and Unblock the Notifications