आफ्टर कोविड: ठंड शुरु होते ही फेफडों में जकड़न, आंखें भी कमजोर, बाल भी झड़ रहे
आफ्टर कोविड के रिएक्शन से लोग परेशान हैं। सबसे ज्यादा लोगों को लंग्स में जकड़न की परेशानी सामने आ रही है। इधर आंखों की रोशनी कम होना, बाल झड़ना, जोड़ों में दर्द जैसी समस्या भी सामने आ रही है।

Corona काल में अमूमन हर दूसरे घर में कोरोना से बचाव, सर्दी-जुकाम, खांसी सहित अन्य बीमारियों के लिए आयुर्वेद के नुस्खे अपनाए गए थे। कोरोना व इसके लक्षणों ने आम परिवारों को किचिन में मौजूद आयुर्वेद से जुड़ी सामग्री और उनके बीमारियों में उपयोग की तरफ मोड़ा था। यह सकारात्मकता अब आफ्टर कोविड की समस्याओं का इलाज कराने के लिए आयुष अस्पतालों की ओपीडी में भी देखने को मिल रही है। बता दें कि सागर जिला आयुष अस्पताल में पूर्व की तुलना में दोगुने मरीज इलाज कराने पहुंच रहे हैं। काफी मरीज ऐसे हैं जो पतंजलि क्लीनिक या अपने इलाकों में आयुष डॉक्टरों और वैद्यराज के पास पहुंच रहे हैं। इनकी संख्या काफी ज्यादा है।

आफ्टर कोविड में ये लक्षण नजर आ रहे
बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज में मेडिसिन विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. मनीष जैन बताते हैं कि ठंड के कारण लोगों को सांस लेने में परेशानी, जोड़ों में दर्द, दमा, श्वास जैसी परेशानियां ज्यादा सामने आ रही हैं। इनमें सबसे ज्यादा आफ्टर कोविड वाले मामले ज्यादा सामने आ रहे हैं। कुछ मरीज कोरोना के बाद बाल झड़ने और आंखों की रोशनी कम होने की परेशानी भी बताते हैं।
आफ्टर कोविड के इलाज में आयुष में भरोसा बड़ा है
कोविड के दौरान और बाद में लोगों का आयुर्वेद पर भरोसा बड़ा है। पोस्ट कोविड वाले कई सारे मरीज हमारे अस्पताल में इलाज कराने आ रहे हैं। पूर्व की अपेक्षा ओपीडी भी लगभग दोगुनी हो गई है।
- डॉ. जोगिंदर सिंह, चिकित्सा अधिकारी, जिला आयुष अस्पताल सागर।












Click it and Unblock the Notifications