Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

MP News RTO: चेकिंग के नाम पर अवैध वसूली पर लगेगी रोक, परिवहन विभाग ने जारी किए सख्त दिशा-निर्देश

MP RTO News: मध्य प्रदेश में ट्रक और भारी वाहनों से अवैध वसूली की लगातार मिल रही शिकायतों के बाद परिवहन विभाग अब एक्शन मोड में आ गया है। राज्य सरकार द्वारा सभी परिवहन चेक पोस्ट भले ही बंद कर दिए गए हों, लेकिन "चेकिंग" की आड़ में वसूली की घटनाएं थम नहीं रही थीं।

अब इन पर अंकुश लगाने के लिए परिवहन आयुक्त विवेक शर्मा ने एक नया आदेश जारी किया है, जिसमें वाहन चेकिंग की प्रक्रिया को लेकर 8 से अधिक बिंदुओं में स्पष्ट और सख्त दिशा-निर्देश दिए गए हैं।

RTO Illegal collection in name of checking will be stopped in mp Transport Department new guidelines

इन निर्देशों का मुख्य उद्देश्य पारदर्शिता, जवाबदेही और कानून के दायरे में रहकर चेकिंग की प्रक्रिया को अंजाम देना है। आदेश में कहा गया है कि यदि कोई यूनिट प्रभारी इन नियमों का उल्लंघन करता है तो उसके खिलाफ अनुशासनात्मक और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

अवैध वसूली की बढ़ती शिकायतें बनी वजह

हाल के महीनों में व्यापारी, ट्रांसपोर्टर्स और ट्रक ड्राइवरों की ओर से यह शिकायतें लगातार सामने आ रही थीं कि बंद चेक पोस्ट के बावजूद चेकिंग के नाम पर सड़कों पर अवैध वसूली जारी है। कभी रात के अंधेरे में, तो कभी सुनसान जगहों पर वाहनों को रोककर दस्तावेज जांच के नाम पर परेशान किया जा रहा था। इससे प्रदेश की कानून व्यवस्था, प्रशासनिक पारदर्शिता और व्यापारिक माहौल पर भी सवाल उठने लगे थे।

MP RTO News: वाहन चेकिंग के लिए जारी किए गए प्रमुख निर्देश

परिवहन आयुक्त विवेक शर्मा द्वारा जारी आदेश में कुछ बेहद अहम बिंदु शामिल किए गए हैं, जो चेकिंग को सुव्यवस्थित और पारदर्शी बनाने की दिशा में उठाया गया बड़ा कदम माने जा रहे हैं:

1. चेकिंग के लिए अधिकारी की अनिवार्यता

चेकिंग केवल सहायक परिवहन उप निरीक्षक या उससे वरिष्ठ अधिकारी की उपस्थिति में ही की जाएगी। इससे यह सुनिश्चित होगा कि बिना किसी जिम्मेदार अधिकारी की मंजूरी के कोई वाहन नहीं रोका जाएगा।

2. वर्दी और नेमप्लेट अनिवार्य

पूरे स्टाफ को वर्दी में रहना अनिवार्य किया गया है, और सभी की वर्दी पर नेमप्लेट होनी जरूरी है, ताकि हर अधिकारी और कर्मचारी की पहचान स्पष्ट रहे।

3. प्राइवेट व्यक्तियों की पूर्ण निषेधता

चेकिंग के दौरान किसी भी प्राइवेट व्यक्ति की प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष सहभागिता को पूर्ण रूप से प्रतिबंधित कर दिया गया है। केवल यूनिट के अटैच सरकारी ड्राइवर ही चेकिंग के समय साथ रह सकते हैं।

4. POS मशीन से ही चालान

सभी चालानी कार्रवाई POS (Point of Sale) मशीन के माध्यम से ही की जाएगी। जहां POS मशीनें उपलब्ध नहीं हैं, वहां प्रभारी को इन्हें तत्काल व्यवस्था में लाने के निर्देश दिए गए हैं।

5. एक बार में एक वाहन की चेकिंग

यूनिट को निर्देश दिया गया है कि एक समय में केवल एक वाहन को रोका जाए, और उसके साथ की गई कार्रवाई पूरी करने के बाद ही किसी अन्य वाहन को रोका जाए। इससे ट्रैफिक में बाधा और अनावश्यक रुकावट से बचा जा सकेगा।

6. 15 मिनट से ज्यादा नहीं रोका जाए

किसी भी वाहन को बिना ठोस कारण के 15 मिनट से अधिक रोकने की अनुमति नहीं होगी। यदि ऐसा होता है, तो यह माना जाएगा कि यूनिट की मंशा सही नहीं है।

7. रात की चेकिंग के लिए विशेष सावधानी

रात के समय चेकिंग आवश्यक हो तो उसे अच्छी रोशनी वाले स्थान पर किया जाना चाहिए। एलईडी बैटन, रिफ्लेक्टिव जैकेट और अन्य सुरक्षा उपकरणों की पर्याप्त उपलब्धता अनिवार्य होगी।

8. बॉडी वॉर्न कैमरा अनिवार्य

जैसे ही यूनिट को बॉडी वॉर्न कैमरा उपलब्ध हो जाए, चेकिंग के दौरान कम से कम दो कैमरे चालू हालत में रहने चाहिए। इनमें से एक कैमरा लाइव मोड में होना अनिवार्य होगा।

चेकिंग की रिकॉर्डिंग होगी अनिवार्य

चेकिंग प्रक्रिया की हर गतिविधि बॉडी वॉर्न कैमरा में रिकॉर्ड की जाएगी। स्टाफ द्वारा किसी भी व्यक्ति से बातचीत के दौरान यह जानकारी दी जाएगी कि उसकी रिकॉर्डिंग की जा रही है। कैमरे को प्रतिदिन चार्ज किया जाना और पर्याप्त स्टोरेज स्पेस होना भी सुनिश्चित किया गया है।

यदि चेकिंग के दौरान वाहन चालक या अन्य व्यक्ति से वाद-विवाद की स्थिति उत्पन्न होती है, तो उसे कैमरे में रिकॉर्ड करना अनिवार्य होगा। इससे शिकायतों की जांच के समय सटीक तथ्यों का मूल्यांकन किया जा सकेगा।

MP RTO News: आदेश का उल्लंघन करने पर होगी कार्रवाई

परिवहन आयुक्त विवेक शर्मा ने अपने आदेश में साफ कहा है कि इन सभी निर्देशों का अक्षरशः पालन करना संबंधित यूनिट प्रभारी की जिम्मेदारी होगी। यदि किसी भी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही पाई जाती है, तो संबंधित प्रभारी पर अनुशासनात्मक और दंडात्मक कार्यवाही की जाएगी।

क्या कहते हैं जानकार?

ट्रांसपोर्ट एसोसिएशनों ने इस आदेश का स्वागत किया है। मध्य प्रदेश ट्रक ऑपरेटर संघ के अध्यक्ष ने कहा, "यह फैसला सराहनीय है। इससे सड़कों पर ईमानदारी से काम करने वाले चालकों और व्यापारियों को राहत मिलेगी।"

वहीं, परिवहन विभाग के एक अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि, "अवैध वसूली की शिकायतें प्रशासन के लिए शर्मिंदगी का कारण बन रही थीं। अब पूरी प्रक्रिया पारदर्शी होगी और जांच का डिजिटल रिकॉर्ड भी रहेगा।"

परिवहन विभाग का यह आदेश चेकिंग प्रक्रिया को न केवल पारदर्शी बनाएगा, बल्कि अवैध वसूली पर रोक लगाने में भी अहम भूमिका निभाएगा। बॉडी वॉर्न कैमरे, POS मशीन और जवाबदेही जैसे कदम यह सुनिश्चित करेंगे कि कोई भी वाहन चालक या व्यवसायी अनुचित कार्रवाई का शिकार न हो।

अब देखना होगा कि जमीनी स्तर पर इन निर्देशों का कितना प्रभावी पालन होता है और क्या यह कदम सड़क परिवहन की छवि को सुधारने में सफल हो पाएगा।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+