डाकू ललित पटेल का पुलिस ने किया एनकाउंटर, डेढ़ लाख का था इनाम
उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के सरहदी इलाको में आतंक का पर्याय रहे डाकू ललित पटेल को सतना पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया।
चित्रकूट। उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के सरहदी इलाको में आतंक का पर्याय रहे डाकू ललित पटेल को सतना पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया। डाकू ललित पटेल पर म.प्र. में एक लाख तीस हजार और उ.प्र. में दस हजार इनाम घोषित था। सतना पुलिस के लिये यह बड़ी कामयाबी तौर पर देखा जा रहा है।

कैसे हुआ एनकाउंटर
सतना के एसपी राजेश हिंगणकर के मुताबिक पुलिस को नयागांव थानाक्षेत्र के पोखरवार के जंगलों में डकैतो की मौजूदगी की सटीक खबर मिली थी। जिसके बाद करीब 50 सशस्त्र जवानों की टीम के साथ मौके पर पहुंची पुलिस ने डकैतों को घेर लिया। पुलिस ने डकैतों को सरेंडर के लिये कहा लेकिन डकैतों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने भी जवाबी फायरिंग की। करीब एक घंटे चली मुठभेड़ में डकैत सरगना ललित पटेल ढेर हो गया।

एक माह पहले 3 लोगों को मार कर जिंदा जलाया
सरगना के मारे जाने के बाद गिरोह के अन्य सदस्य अंधेरे का फायदा उठाकर फरार होने में कामयाब हो गये। पुलिस पार्टी जंगलों में सर्चिंग कर फरार डकैतों की तलाश में जुटी है। एफएसएल टीम, फिंगर प्रिट एक्सपर्ट और डॉग स्कॉड मौके पर पहुंच गये है। ललित के शव को चित्रकूट के जानकीकुंड अस्पताल मर्चुरी में रखवा दिया गया है। मर्चुरी की सुरक्षा हेतु सशस्त्र गार्डों की तैनाती की गई है। बता दें कि एक माह पूर्व पुलिस को जानकारी देने के शक में डाकू ललित ने थरपहाड़ से तीन युवकों को कोल्हुआ के जंगल ले जाकर गोली मारकर हत्या कर दी थी और शव को जला दिया था जिसकी वजह से वो सुर्खियों में था।

मुख्यमंत्री शिवराज ने दिया था निर्देश
चित्रकूट विधानसभा उपचुनाव के मद्देनजर एक हफ्ते पहले चित्रकूट आये मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने एक जन सभा को सम्बोधित करते हुए कहा था कि यहां डकैत रहेंगे या शिवराज सिंह रहेगा। उन्होंने इलाके को दस्यु मुक्त करने का जनता से वायदा किया और पुलिस को किसी भी कीमत पर डकैंतो के सफाये के निर्देश दिए। सतना आईजी और एसपी ने मुख्यमंत्री के निर्देश को बखूबी निभाया और गैंग का खात्मा कर दिया।












Click it and Unblock the Notifications