Rajasthan में वसुंधरा ने गहलोत के गढ़ में ठोकी ताल, राजे की पहल पर बदलने लगी भूंगरा की तस्वीर
राजस्थान में वसुंधरा राजे की पहल के बाद भूंगरा गैस कांड पीड़ितों को राहत मिलना शुरू हो गई है। जोधपुर प्रदेश के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत का गृह क्षेत्र है।

Rajasthan की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे की पहल के बाद जोधपुर जिले के भूंगरा गांव के गैस पीड़ितों को राहत मिलना शुरू हो गई है। लोगों के रहने के लिए वहां बड़े-बड़े आवासीय कंटेनर पहुंच गए हैं। जिनमें बेड और कुर्सियों के अलावा बाथरूम भी अटैच है। लोगों को भोजन सामग्री के पैकेट भी वितरित किए जा रहे हैं। इसके आलावा और क्या-क्या मदद की जानी चाहिए। वसुंधरा राजे द्वारा बनाई गई कमेटी इसका सर्वे भी कर रही है। पूर्व विधायक बाबू सिंह राठौड़ के नेतृत्व में कमेटी लगातार पीड़ित लोगों के संपर्क में है। गौरतलब है कि 3 दिन पहले वसुंधरा राजे ने भूंगरा पहुंचकर गैस त्रासदी में हुई बर्बादी का दृश्य देखकर बेहद आहत हुई थी। वहां हुई तबाही की तस्वीर ने उनकी आंखों को नाम कर दिया था। वहां बिखरा हुआ सुहाग का सामान, खून से सनी दीवारें, शुभ विवाह लिखा वह दूल्हे का घर जो काजल की कोठरी बन चुका था। उसे देखकर उन्होंने कहा था कि अपनों के अलविदा होने से मैं आहत ही नहीं गहरी चिंता में हूँ कि इन परिवारों को अब कैसे संबल दिया जाए। उनकी तकलीफ कैसे बांटी जाए। गैस पीड़ितों के दर्द को महसूस करते हुए राजे ने उनकी सहायता के लिए हाथ आगे बढ़ाए थे। आपको बता दें जोधपुर के शेरगढ़ मंडल के भूंगरा गांव में 8 दिसंबर को सिलेंडर फटने से आग लग गई थी। इसमें करीब 50 लोग घायल हो गए थे। इस घटना में घायल हुए लोगों में से 35 लोगों ने मंगलवार तक दम तोड़ दिया है।
Recommended Video

पीड़ितों को गले लगाने का समय
वसुंधरा राजे ने शुक्रवार को सहयोग में जुटे कार्यकर्ताओं से बातचीत कर यही कहा कि यह पीड़ितों को गले लगाने का समय है। अपनों को खोने का जो दर्द इन्हें मिला है। उसे कम करने की जरूरत है। इनका हाथ पकड़ कर इनका सहारा बनने की जरूरत है। उन्होंने एक बार फिर से पीड़ित परिवारों को भरोसा दिलाया कि मैं हूँ ना। वसुंधरा राजे ने कहा कि पीड़ित परिवारों को जो जख्म मिले हैं। उनकी भरपाई तो नहीं की जा सकती। लेकिन उनके साथ खड़े रहकर हम उनके घाव तो कम कर ही सकते हैं।

पीड़ित परिवारों को गोद लेने का फैसला
पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने जोधपुर के भूंगरा गैस सिलेंडर दुर्घटना के पीडित परिवारों को गोद लेने का फैसला किया था। ट्विटर के जरिए उन्होंने इसकी जानकारी दी थी। वसुंधरा ने ट्वीट किया मैंने त्रासदी से आहत समस्त परिवारों को गोद लेने का निर्णय लिया है। हमारे जनप्रतिनिधि इसका आंकलन करेंगे। जिसके अनुसार मृतकों के परिजनों की सहायता की जाएगी।

गहलोत के गढ़ में ठोकी ताल
भारत जोड़ो यात्रा ने राजस्थान में वसुंधरा राजे के गढ़ से प्रवेश किया था। माना जा रहा था कि इस यात्रा के जरिए कांग्रेस वसुंधरा के गढ़ में सेंध लगाने की कोशिश कर रही है। लेकिन वसुंधरा राजे ने भूंगरा पहुंचकर गहलोत के गढ़ में सेंध लगा दी है। वसुंधरा राजे के गांव को गोद लेने के फैसले को सराहा जा रहा है।

राजपूत समाज की गजेंद्र सिंह शेखावत से नाराजगी
जोधपुर के भूंगरा गांव में गैस त्रासदी के बाद स्थानीय सांसद होने के बावजूद गजेंद्र सिंह शेखावत के नहीं पहुंचने को लेकर राजपूत समाज में नाराजगी है। बाद में जब गजेंद्र सिंह शेखावत वहां पहुंचे। तब उन्हें स्थानीय लोगों और राजपूत समाज के विरोध का सामना करना पड़ा। सोशल मीडिया पर गजेंद्र सिंह शेखावत को लेकर राजपूत समाज के युवाओं ने जबरदस्त विरोध दर्ज कराया। वहीं जब शेखावत जब भूंगरा गांव में पहुंचे। तब भी उन्हें विरोध का सामना करना पड़ा। आपको बता दें गजेंद्र सिंह शेखावत जोधपुर से सांसद हैं और केंद्र सरकार में कैबिनेट मंत्री हैं।












Click it and Unblock the Notifications